Preity Zinta Met Priyansh Arya: बीते मंगलवार को पंजाब किंग्स और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच भिड़ंत हुई। जहां एक बार फिर चेन्नई को हार का सामना करना पड़ा। इस मैच में पंजाब के प्रियांश आर्य ने तहलका मचाते हुए शानदार बल्लेबाजी की। चेन्नई के गेंदबाजों को रिमांड पर लेते हुए उन्होंने केवल 39 गेंदों में शतक जड़ दिया। इस मुकाबले को जीतने के बाद खुद पंजाब किंग्स की मालकिन प्रीति जिंटा ने उनसे मुलाकात की।
प्रियांश आर्य पंजाब किंग्स की पारी का आगाज करने आते हैं। चेन्नई के खिलाफ जब पंजाब के एक के बाद एक विकेट गिरते जा रहे थे, उस समय भी उन्होंने संभलकर बल्लेबाजी करने से अच्छा ताबड़तोड़ बैटिंग करना चुना और चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ 103 रनों की पारी खेली। शतक पर टीम की मालकिन प्रीति जिंटा और कप्तान श्रेयस अय्यर का जश्न बता रहा था कि यह पारी कितनी महत्वपूर्ण थी।
चेन्नई को 18 रनों से हराने के बाद प्रीति ने प्रियांश आर्य से मुलाकात की और उन्हें इस शानदार पारी के लिए बधाई दी। इस दौरान वह उनसे बात करते हुए भी दिखाई दीं। दोनों की मुलाकात का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रहा है।
जानकारी के लिए बता दें कि पंजाब किंग्स ने 83 रन पर 5 विकेट गंवा दिए थे, लेकिन दूसरे छोर पर प्रियांश आर्य ने अपनी धमाकेदार पारी जारी रखी। उन्होंने 42 गेंदों पर 9 छक्के और 7 चौकों की मदद से 103 रनों की पारी खेली। लगातार विकेट गिरने से टीम की मालकिन प्रीति जिंटा निराश थीं, लेकिन प्रियांश ने उन्हें खुशी से झूमने का मौका दिया।
गौरतलब है कि पंजाब किंग्स ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। जहां शुरुआत में तो ये फैसला गलत लगा, क्योंकि टीम के एक के बाद विकेट गिरते ही जा रहे थे। 83 रन पर शीर्ष 5 विकेट गिरने के बाद टीम दबाव में थी, लेकिन प्रियांश आर्य ने शानदार शतक बनाया। उनके अलावा शशांक सिंह (29) और मार्को जेनसन (34) ने भी महत्वपूर्ण रन बनाए और चेन्नई को 220 रनों का टारगेट दिया।
जवाब में चेन्नई सुपर किंग्स 201 रन ही बना सकी और 18 रन से मैच हार गई। पंजाब किंग्स को अपने 7 गेंदबाजों का इस्तेमाल करना पड़ा, लॉकी फर्ग्यूसन ने सबसे ज्यादा विकेट लिए। उन्होंने 4 ओवर में 40 रन देकर 2 विकेट लिए। इस शानदार पारी के लिए प्रियांश आर्य को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
प्रियांश आर्य ने मैच के बाद बताया कि लगातार विकेट गिरने के बाद वह सिंगल और डबल के साथ खेल को आगे बढ़ाना चाहते थे, लेकिन नेहल वढेरा ने उन्हें अपने तरीके से खेलने की सलाह दी।