

Priyanka Gandhi Fake Video: देशभर साइबर फ्रॉड को लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाता है। इसबे बावजूद अपराधी फ्रॉड करने के लिए नए-नए तरीके खोज लाते है। अब कांग्रेस पार्टी की सांसद प्रियंका गांधी के नाम पर पर ठगी की कोशिश का मामला सामने आया है।
वायनाड की सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा के नाम और उनके आवाज का इस्तेमाल कर साइबर ठग लोगों को ठगने की कोशिश कर रहे हैं। इसको लेकर प्रियंका गांधी के कार्यालय से अलर्ट जारी किया गया है। कार्यालय से इंस्टाग्राम पर गुरुवार को 'स्कैम अलर्ट' जारी किया है।
कार्यालय ने कहा है कि वॉट्सऐप, इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रियंका गांधी की AI से बनी फर्जी फोटो और आवाज वाले वीडियो वायरल हो रहे हैं। इन वीडियो में लोगों से पैसे इनवेस्ट करने के लिए कहा जा रहा है।
प्रियंका गांधी के कार्यालय ने साफ कहा है कि ये सभी वीडियो फेक है और साइबर फ्रॉड द्वारा किया जा रहा स्कैम हैं। लोगों से अपील की गई है कि ऐसे किसी भी लिंक पर क्लिक न करें और न ही निवेश करें। ऐसे पोस्ट को रिपोर्ट और ब्लॉक करें।
यह पहली बार नहीं है कि महिला नेता के नाम से ठगी करने की कोशिश की गई हो। इससे पहले अगस्त महीने में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के नाम पर भी ऐसा ही फर्जी वीडियो सामने आया था, जिसका सरकार ने खंडन किया था।
उस वीडियो में दावा किया गया था कि 22 हजार रुपए के शुरुआती निवेश पर हर हफ्ते साढ़े पांच लाख रुपए की कमाई होगी। यह एक निवेश योजना का प्रचार था। PIB की फैक्ट चेक यूनिट ने इसकी जांच की, जिसमें पता चला कि यह वीडियो फेक है और AI से बनाया गया है।
PIB ने साफ किया था कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ऐसी किसी भी निवेश योजना या प्लेटफॉर्म का समर्थन नहीं किया है। लोगों को ऐसे जालसाजों से सावधान रहने की अपील की गई थी जो फर्जी योजनाओं का लालच देकर लोगों का पैसा हड़पने की कोशिश करते हैं।
आजकल साइबर ठग लोगों का भरोसा जीतने के लिए रोज नए-नए तरीके निकाल रहे हैं। बड़े नेताओं और जानी-मानी हस्तियों की एआई से आवाज और वीडियो बनाकर लोगों को भरोसे में लिया जा रहा है और लाखों-करोड़ों की ठगी की जा रही है।
एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर कोई वीडियो आपको बहुत ज्यादा मुनाफे का लालच दे रहा है, तो सतर्क हो जाएं। किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें और किसी भी निवेश योजना में पैसा लगाने से पहले उसकी सच्चाई की जांच जरूर करें। सरकार या किसी नेता की तरफ से ऐसी कोई योजना आती है तो उसकी जानकारी आधिकारिक वेबसाइट पर जरूर देखें।
(एजेंसी इनपुट के साथ)