Indian Women's Cricket Team: भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने दक्षिण अफ्रीका को 52 रनों से हराकर पहली बार विश्व विजेता बनने का गौरव हासिल किया है। आज मुंबई के डीवाई पाटील स्टेडियम में खेले गए इस मैच में कई ऐसे पल रहे जिसके चलते भारतीय टीम यह इतिहास रचने में कामयाब रहे। मैच के ये पांच प्रमुख कारण कहे जा सकते हैं, जिसके चलते भारतीय टीम ने विश्व कप में जीत हासिल की है।
स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा के बीच पहले विकेट के लिए 17.4 ओवर में 104 रनों की साझेदारी प्रमुख रही, जिसके चलते भारतीय टीम एक मजबूत नींव रखने में सफल रही और फाइनल मुकाबले में 50 ओवरों में 298 रन बनाने में सफल रही।
ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा की अर्धशतकीय पारी भी इस मैच में निर्णायक कही जा सकती है, क्योंकि बीच के ओवरों में एक छोर से जब विकेट गिरने लगे थे तो दीप्ति शर्मा ने 58 गेंद पर 58 रनों की एक अच्छी पारी खेली। साथ ही साथ उन्होंने कप्तान हरमनप्रीत के साथ 52 रनों की, अमनजोत कौर के साथ 22 रनों की और रिचा घोष के साथ 47 रनों की साझेदारी की, जिसके चलते टीम को एक मजबूत स्कोर मिला।
गेंदबाजी की बात की जाए तो भारतीय टीम में 7 गेंदबाजों का इस्तेमाल किया गया। रेणुका ठाकुर इस मैच में सबसे किफायती रहीं। हालांकि उन्हें एक भी विकेट नहीं मिला। लेकिन मैच में सबसे महत्वपूर्ण गेंदबाजी दीप्ति शर्मा ने की और उन्होंने 9.3 ओवरों में 39 रन देकर 5 विकेट हासिल किया।
कप्तान हरमनप्रीत के द्वारा शेफाली वर्मा को भी गेंदबाजी में आजमाया गया। शेफाली वर्मा कप्तान के भरोसा पर खरा उतरीं। उन्होंने सात ओवरों की गेंदबाजी में 2 महत्वपूर्ण विकेट हासिल की और उसे समय उन्होंने टीम इंडिया को सफलता दिलाई जब भारतीय टीम को ब्रेक की जरूरत थी। उन्होंने सात ओवरों की गेंदबाजी में 36 रन देखकर दो विकेट हासिल किया।
ये भी पढ़ें: वनडे विश्वकप 2025 में बेटियों की खिताबी जीत से गदगद हुए पीएम मोदी-अमित शाह, टीम इंडिया को दी बधाई
टीम इंडिया जब विकेट के लिए तरस रही थी तो अमनजोत ने टीम को पहली सफलता तजमिन ब्रिट्स को रन आउट करके दिलायी। इसके साथ ही साथ मैच में शतक लगाने वाली कप्तान लॉरा वोल्वार्ड्ट का भी कैच पकड़ करके पवेलियन भेजा।