Jay Meena's Coach Statement On Soft Tennis Medal: भारतीय सॉफ्ट टेनिस खिलाड़ी जय मीणा ने एशियन गेम्स 2026 में पुरुष एकल स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर इतिहास रच दिया। ये एशियन गेम्स में भारतीय सॉफ्ट टेनिस का सिंगल्स में पहला पदक है।
जय के इस प्रदर्शन के बाद उनके कोच सुदेश सांगटे ने इसे अपनी 22 साल की मेहनत का फल बताया। जय मीणा बुधवार को सेमीफाइनल में जापान के ताकुया कुरोसाका से 2-4 से हार गए। हालांकि, सेमीफाइनल में पहुंचने के साथ ही उनका कांस्य पदक पक्का हो गया था।
इससे पहले क्वार्टर फाइनल में जय ने फिलीपींस के शेरविन नुगुइट के खिलाफ शानदार वापसी की थी। निर्णायक गेम में 3-5 से पीछे होने के बाद जय ने लगातार चार अंक जीते और मुकाबला 4-3 से अपने नाम किया।
कोच सुदेश सांगटे ने कहा कि वह जय के साथ उसके 10 साल की उम्र से काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा, 'हमने 22 साल तक कड़ी मेहनत की है। मेरी 22 साल की मेहनत आज पूरी हो गई। मैं बेहद खुश और भावुक हूं।'
कोच सांगटे ने बताया कि जय ने सिंगल्स के अलावा मिक्स्ड डबल्स और विश्व चैंपियनशिप में भी पदक जीते हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि जय की इस उपलब्धि के बाद भारत में और बच्चे सॉफ्ट टेनिस खेलेंगे और आने वाले समय में देश को और पदक मिलेंगे।
कोच ने एशियन गेम्स से पहले जापान में लगाए गए 20 दिन के ट्रेनिंग कैंप के लिए भारत सरकार का भी आभार जताया। उन्होंने कहा कि इस कैंप से खिलाड़ियों को काफी फायदा मिला और भारतीय टीम ने सिंगल्स में एशियन गेम्स का पहला पदक जीतकर इतिहास बनाया।
जय मीणा इससे पहले 2022 राष्ट्रीय खेलों में पुरुष एकल का स्वर्ण पदक जीत चुके हैं। वो 2025 में राष्ट्रीय चैंपियन बने। 2024 विश्व सॉफ्ट टेनिस चैंपियनशिप में उन्होंने आध्या तिवारी के साथ मिक्स्ड डबल्स में भारत का पहला विश्व पदक जीता था। इसके अलावा 2025 एशियन सॉफ्ट टेनिस चैंपियनशिप में भी वो पदक जीतने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बने थे।