First Sawan Monday: 30 जुलाई, गुरुवार से सावन का पवित्र महीना शुरू हो गया है। यह महीना भगवान शिव की आराधना, व्रत, जप और तप के लिए समर्पित होता है। भक्त अपने आराध्य के चरणों में स्वंय को समर्पित कर देते हैं। सावन माह में सोमवार का व्रत विशेष महत्व रखता है।
सावन के पहले सोमवार से पहले कुछ तैयारियां कर लेने से पूरे महीने पूजा अधिक श्रद्धा और अनुशासन के साथ की जा सकती है। आइए जानते हैं क्या है ये तैयारियां।
सावन शुरू होने से पहले घर के मंदिर या पूजा स्थान की अच्छी तरह सफाई करें। घर की तरह ही पूजा स्थल को भी साफ और पवित्र रखना चाहिए। भगवान शिव की प्रतिमा और शिवलिंग को भी विधिपूर्वक साफ कर नए वस्त्र या अपनी इच्छानुसार, सजावट कर सकते हैं।
सावन में रोजाना या सोमवार के दिन पूजा करने के लिए जरूरी सामग्री पहले ही तैयार कर लें। जैसे-
यदि आप सावन सोमवार का व्रत रखने वाले हैं, तो पहले ही तय कर लें कि आप निर्जला, फलाहार या एक समय सात्विक भोजन वाला व्रत करेंगे। अपनी स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार व्रत का तरीका चुनें, ताकि व्रत भी पूरी हो जाए और आपके स्वास्थ्य को भी नुकसान न हो।
सावन केवल पूजा-पाठ का महीना नहीं, बल्कि आत्मसंयम का भी समय माना जाता है। इस दौरान क्रोध, कटु वचन, झूठ और नकारात्मक सोच से बचने का प्रयास करें। धार्मिक मान्यता है कि शांत मन और अच्छे आचरण से की गई शिव भक्ति जीवन में शुभ फल देती है।
सावन शुरू होने से पहले ही रोजाना कुछ समय निकालकर 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र का जाप शुरू करें। नियमित मंत्र जाप मन को एकाग्र करता है और भगवान शिव के प्रति भक्ति को बढ़ाता है और शिव भक्ति में लीन होकर पूरी श्रद्धा से पूजा-पाठ कर पाते हैं।
हिंदू धर्म में सावन का महीना भगवान शिव को समर्पित माना जाता है। इस दौरान भक्त जलाभिषेक, रुद्राभिषेक, व्रत, दान और मंत्र जाप करते हैं। श्रावण माह में सच्चे मन से की गई शिव उपासना से सुख-समृद्धि, मनोकामना पूर्ति और आध्यात्मिक उन्नति का आशीर्वाद प्राप्त होता है।