Maharashtra Education Department: प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के तहत कार्यरत विदर्भ के डेटा एंट्री ऑपरेटरों को सरकारी सेवा में नियमित करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर एक ज्ञापन स्कूली शिक्षा राज्यमंत्री डॉ. पंकज भोयर को सौंपा गया। ज्ञापन देते समय वर्धा, यवतमाल, नागपुर और अमरावती जिलों के डेटा ऑपरेटर प्रतिनिधि उपस्थित थे। सरकार की महत्वाकांक्षी पोषण आहार योजना के सफल और पारदर्शी क्रियान्वयन में डेटा ऑपरेटरों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।
वर्षों से ईमानदारी और जिम्मेदारी से सेवा देने वाले इन कर्मचारियों के परिवारों का भविष्य नौकरी की अनिश्चितता के कारण अंधकारमय बना हुआ है। इसलिए इस संवेदनशील मुद्दे को आगामी राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में विशेष रूप से उठाने की मांग ज्ञापन के माध्यम से की गई। शिष्टमंडल का ज्ञापन स्वीकार करते हुए राज्यमंत्री डॉ. पंकज भोयर ने इस मांग पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। साथ ही उन्होंने विशेष कार्य अधिकारियों को इस मामले में तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
ज्ञापन देते समय रूपाली घवघवे, मनोज क्षीरसागर सहित अन्य डेटा ऑपरेटर उपस्थित थे। प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के अंतर्गत महाराष्ट्र में कार्यरत लगभग 300 ऑपरेटरों को शासन सेवा में स्थायी करने की मांग को लेकर प्रतिनिधिमंडल ने महाराष्ट्र के शिक्षा राज्यमंत्री एवं पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर से मुलाकात कर न्याय देने की मांग की। प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के माध्यम से राज्य के लाखों विद्यार्थियों को पोषण आहार उपलब्ध कराया जाता है। इस योजना के प्रभावी संचालन में ऑपरेटरों की महत्वपूर्ण भूमिका है। विद्यार्थियों से संबंधित पोषण आहार की जानकारी, ऑनलाइन डाटा एंट्री, विभिन्न रिपोर्ट, रिकॉर्ड तथा शासन द्वारा समय-समय पर दिए जाने वाले ऑनलाइन कार्यों को ऑपरेटरों द्वारा वर्षों से जिम्मेदारीपूर्वक पूरा किया जा रहा है।
ऑपरेटरों का कहना है कि हमारा काम और जिम्मेदारी वर्षों से स्थायी है, लेकिन हमारी नौकरी आज भी संविदा आधार पर है। शासन की महत्वपूर्ण योजना में लगातार सेवा देने के बावजूद हमें नौकरी की स्थिरता और भविष्य की सुरक्षा नहीं मिल रही है। इस अवसर पर ऑपरेटरों ने राज्यमंत्री डॉ.पंकज भोयर से प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के सभी ऑपरेटरों की सेवाओं का सहानुभूतिपूर्वक विचार कर उन्हें स्थायी करने के लिए शासन स्तर पर सकारात्मक पहल करने की मांग की।