Wardha Crime News: खातेदारों से प्राप्त राशि पतसंस्था में जमा नहीं कर करीब 36 लाख 25 हजार 850 रुपये की आर्थिक धोखाधड़ी किए जाने का मामला सामने आया है, श्री नवदुर्गा नागरी सहकारी पतसंस्था में गठित पांच सदस्यीय जांच समिति की पड़ताल में यह मामला उजागर हुआ। शिकायत के आधार पर वर्धा शहर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पतसंस्था के मुख्य कार्यकारी अधिकारी कुलभूषण विठ्ठल वसू की शिकायत पर भास्कर चरणदास लढ़े, निवासी सिंदी (मेघे) के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
जानकारी के अनुसार, जून माह में खातेदारों द्वारा जमा की गई रकम में कमी पाए जाने के बाद कुछ खातों की जांच की गई, इस दौरान बड़ी वित्तीय विसंगतियां सामने आई। मामले की जानकारी पतसंस्था के अध्यक्ष को दिए जाने के बाद 12 जून को तत्काल बैठक बुलाकर पांच सदस्यीय जांच समिति गठित की गई।
समिति ने 16 जून को संचालक मंडल की बैठक में अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत की। जांच में सामने आया कि संबंधित अभिकर्ता 23 अप्रैल 2020 से पतसंस्था में कार्यरत था। उसकी जिम्मेदारी विभिन्न खातेदारों से प्रतिदिन नकद राशि एकत्र कर उसे संस्था में जमा करना तथा पासबुक में इसकी प्रविष्टि करना थी। हालांकि, 1 जनवरी 2026 से खातेदारों से प्राप्त राशि नियमित रूप से संस्था में जमा नहीं किए जाने की बात जांच में सामने आई। इसके बाद खातेदारों के पास जाकर पासबुक तथा संस्था के खातों की जांच की गई, जिसमें रकम में अंतर पाया गया।
जांच के अनुसार, आरोपी ने 1 जनवरी 2026 से खातेदारों से प्राप्त राशि संस्था में जमा नहीं की। कुल 38 खातेदारों के 59 खातों से संबंधित शिकायतों की जांच में 36 लाख 25 हजार 850 रुपये की आर्थिक अनियमितता और धोखाधड़ी सामने आने के बाद पतसंस्था की ओर से वर्धा शहर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।