Thane Cyber Fraud Fake Police: मीरा- भाईंदर में साइबर अपराधियों ने अलग-अलग तरीकों से तीन लोगों को निशाना बनाकर करीब 61.51 लाख रुपए की ठगी कर ली। कहीं घर बैठे डबिंग आर्टिस्ट की नौकरी का लालच दिया गया, तो कहीं फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर गिरफ्तारी का डर दिखाया गया।
वहीं गैस बिल और मीटर रीडिंग अपडेट कराने के नाम पर भी महिला के बैंक खाते से लाखों रुपए उड़ा लिए गए। तीनों मामलों में संबंधित पुलिस थानों में धोखाधड़ी के केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
पहले मामले में भाईंदर पूर्व के जैसल पार्क चौपाटी स्थित न्यू समीर अपार्टमेंट में रहने वाली 23 वर्षीय युवती ने इंस्टाग्राम पर डबिंग आर्टिस्ट की नौकरी का विज्ञापन देखा। विज्ञापन पर क्लिक करने के बाद एक अज्ञात व्हाट्सएप नंबर से संपर्क कर उसे काम दिलाने का भरोसा दिया गया।
आरोपियों ने रजिस्ट्रेशन, प्रोसेसिंग और अन्य शुल्क के नाम पर अलग-अलग बैंक खातों में 7,23,750 रुपए जमा करा लिए। रकम लेने के बावजूद न नौकरी मिली और न ही पैसे वापस किए गए। ठगी का एहसास होने पर युवती ने 17 जुलाई को नवघर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई।
दूसरे मामले में मीरा रोड स्थित नीलोफर को-ऑपरेटिव सोसायटी के 79 वर्षीय रॉकी थॉमस लोबो को व्हाट्सएप पर कॉन्फ्रेंस वीडियो कॉल कर खुद को पुलिस अधिकारी बताने वाले आरोपियों ने गिरफ्तारी का डर दिखाया। प्रदीप जायसवाल और जॉर्ज मैथ्यू नाम बताकर आरोपियों ने कानूनी कार्रवाई से बचाने का झांसा दिया और अलग-अलग बैंक खातों में 44,33,093 रुपए ट्रांसफर करा लिए।
बाद में ठगी का पता चलने पर नयानगर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. मामले की जांच उपनिरीक्षक अत्तर शेख कर रहे हैं।
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तीसरे मामले में मीरा रोड स्थित एमएचएडीए कॉम्प्लेक्स निवासी मीनाक्षी चंदनखेड़े को महानगर गैस बिल और मीटर रीडिंग अपडेट कराने के नाम पर लिंक भेजा गया। लिंक पर क्लिक करते ही साइबर अपराधियों ने उनके बैंक खाते से 9,95,017 रुपए निकाल लिए। जांच में तीन मोबाइल नंबर और दीपक जोशी नामक व्यक्ति की भूमिका सामने आई है।
काशीमीरा पुलिस ने संबंधित आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने नागरिकों से सोशल मीडिया पर नौकरी के विज्ञापनों, अज्ञात लिंक, व्हाट्सएप कॉल और खुद को सरकारी अधिकारी बताने वाले लोगों से सतर्क रहने तथा किसी भी स्थिति में ओटीपी, बैंकिंग जानकारी या पैसे साझा नहीं करने की अपील की है।