KDMT के रिटायर्ड कर्मचारियों ने बकाया भुगतान के लिए ‘भीख मांगो’ आंदोलन किया।
पांचवें, छठे और सातवें वेतन आयोग के एरियर, ग्रेच्युटी और पेंशन अंतर की मांग।
एक सप्ताह में समाधान नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी।
Retired Employees Protest In Kalyan: ठाणे जिले के कल्याण-डोंबिवली म्युनिसिपल ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन के रिटायर्ड कर्मचारियों की अलग-अलग पेंडिंग फाइनेंशियल मांगों की ओर प्रशासन का ध्यान खींचने के लिए कल्याण में ‘भीख मांगो’ आंदोलन किया गया।
ट्रांसपोर्ट हेडक्वार्टर और कल्याण-डोंबिवली म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के हेडक्वार्टर के बाहर हुए इस प्रोटेस्ट में कर्मचारियों ने अपने बकाया को लेकर अपनी कड़ी नाराज़गी ज़ाहिर की। आंदोलन कर रहे रिटायर्ड कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि अगर अगले हफ़्ते में उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो वे ठाणे जिला कलेक्टर ऑफिस के बाहर ज़हर खा लेंगे।
‘एक माता-पिता के सभी बच्चे भूखे हैं, KDMT ट्रांसपोर्ट के रिटायर्ड कर्मचारी भूखे हैं’, कर्मचारियों ने प्रशासन के रवैये पर अपनी नाराज़गी ज़ाहिर की। आंदोलन करने वालों ने कहा कि रिटायर्ड कर्मचारियों को आर्थिक दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है क्योंकि उन्हें कई सालों तक ट्रांसपोर्ट कंपनी में काम करने के बाद भी उनका बकाया नहीं मिल रहा है।
कर्मचारियों ने पांचवें, छठे और सातवें वेतन आयोग का बकाया, सर्विस ग्रेच्युटी, लीव इनकैशमेंट राशि, आवासीय प्रगति योजना में 12 साल का अंतर, चयन श्रेणी में 20 साल का अंतर आदि मांगें रखी हैं। इसके अलावा रिटायर्ड और मृतक कर्मचारियों के वारिसों का बकाया तुरंत दिया जाए, लेबर कोर्ट के फैसलों को लागू किया जाए और पिछली तारीख से लागू पेंशन अंतर का भुगतान किया जाए।
एम्प्लॉइज एक्शन कमेटी ने सेवानिवृत्त कर्मचारियों का बकाया एरियर दिलाने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों का कहना है कि वे लंबे समय से अपने वित्तीय बकाये के भुगतान की मांग कर रहे हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से बार-बार आश्वासन मिलने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ।
कई बार मांग उठाने और अधिकारियों का ध्यान आकर्षित करने के बाद भी भुगतान नहीं होने से कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ गई। उनका कहना है कि वर्षों तक सेवा देने के बाद भी अपने हक का पैसा पाने के लिए उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा। कर्मचारियों ने ठाणे प्रशासन से जल्द मांगें पूरी करने की अपील की।
आंदोलन कार्यों द्वारा मांग की गई कि प्रशासन रिटायर्ड कर्मचारियों की मांगों पर तुरंत फैसला ले और उनकी पैसे के भुगतान की दिक्कतों को दूर करे। प्रदर्शनकारियों ने यह भी चेतावनी दी है कि अगर अगले हफ्ते तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई तो वे विरोध प्रदर्शन और तेज कर देंगे।