मुंबई: सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर राजश्री मोरे ने मनसे नेता के बेटे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। साथ ही पुलिस स्टेशन में FIR भी दर्ज करायी है। राजश्री मोरे ने मीडिया को बताया कि पहले मुझे कहा जा रहा था कि आप हमारे बेटे के खिलाफ FIR दर्ज न कराएं। उन्होंने मेरे पैर भी पड़े रहे थे। मैं बिजनेस करती हूं लेकिन उनका कहना है कि वो मेरा बिजनेस खराब करना चाहते हैं। इतना ही नहीं वो मुझे धमकियां भी दे रहे है। इसी बीच जानकारी आ रही है कि राजश्री मोरे की FIR पर अंबोली पुलिस ने राहील शेख को गिरफ्तार कर लिया गया है।
राजश्री मोरे ने सोशल मीडिया पर मराठी भाषा पर हो रहे विवाद पर एक पोस्ट किया था। इसके साथ ही उन्होंने कहा, मैं तो यही चाहती हूं कि हमें कोर्ट का ऑर्डर मिले और जो लोग भाषा के ऊपर अपना मुद्दा चला रहे हैं और अपना घर चला रही हैं, इसे बंद किया जाना चाहिए। अब मुझे धमकियां आ रही हैं और मुझे बोला जा रहा है कि लातों के भूत बातों से नहीं मानते हैं।
मुझे बोला जा रहा है कि अपना मुंह बंद रखो। मैं अब इन धमकियों को लेकर भी एफआईआर दर्ज करा रही हूं। एमएनएस नेता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने को लेकर उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि लोगों पर मराठी भाषा न थोपी जा रही थी।
राजश्री ने वीडियो शेयर किया था, जिसमें एक युवक नजर आ रहा है और अपशब्दों का इस्तेमाल कर रहा है। उन्होंने राजश्री मोरे ने मराठी भाषा के नाम पर की जा रही मारपीट का विरोध किया गया था। वीडियो में नजर आए रहे युवक की पहचान मनसे के राज्य उपाध्यक्ष जावेद शेख के बेटे राहील शेख के रूप में हुई है।
संजय निरुपम की मदद से हुआ एक्शन
राजश्री मोरे ने न्यूज एजेंसी ANI को बताया कि मैं (शिवसेना नेता) संजय निरुपम की आभारी हूं, जिन्होंने मेरा समर्थन किया। आज हम यहां पुलिस से यह पूछने आए हैं कि सड़क पर एक महिला के साथ दुर्व्यवहार करने वाले व्यक्ति के खिलाफ कौन से कानून हैं और उस व्यक्ति को कैसे नोटिस दिया गया। इस पार्टी की लड़ाई 'मराठी बनाम गैर-मराठी' के बारे में थी। वे मेरे खिलाफ हैं क्योंकि मैं 'मराठी बनाम गैर-मराठी' विभाजन का समर्थन नहीं करती। इनमें से कोई भी बात मेरे व्यवसाय को प्रभावित नहीं करेगी।
मेरे मराठी रहते ये हाल है, गैर मराठी का क्या?
राजश्री मोरे ने आगे कहा कि मैंने अपने व्यवसाय के लिए कड़ी मेहनत की है। जब वे एक मराठी महिला को निशाना बना सकते हैं, तो कल्पना करें कि गैर-मराठी लोगों के साथ क्या हो रहा होगा।मुझे धमकाया जा रहा है। वे मुझसे उनके भगवान (राज ठाकरे) के बारे में बात न करने के लिए कह रहे हैं। मैं कहना चाहती हूं कि राज ठाकरे के प्रति मेरे मन में बहुत सम्मान है। हालांकि, मैं 'मराठी बनाम गैर-मराठी' विभाजन के खिलाफ हूं। मैं अपने न्याय के लिए लड़ूंगी। मैं सभी गैर-मराठी लोगों के साथ खड़ा रहूंगी। मैं पीछे नहीं हटूंगी।
इस घटना के बाद शिवसेना नेता संजय निरुपम ने एमएनएस की घेराबंदी की और आरोप लगाते हुए पूरे मामले में एक नया एंगल जोड़ दिया। उन्होंने कहा, इस वीडियो में स्पष्ट दिख रहा है कि मनसे के एक नेता के बेटे ने इस महिला को न सिर्फ गाली दी, उसकी गाड़ी तोड़ी और लगातार उसके साथ बदतमीजी की। यह मनसे के नेता जावेद शेख का बेटा है और मनसे के नेता मराठी भाषा के नाम पर ये गुंडागर्दी कर रहे हैं। इन्हें मराठी समाज के मान-सम्मान से कोई लेना देना नहीं है। अगर ऐसा होता तो ये उस महिला का मान-सम्मान का ध्यान रखते।