Maharashtra Pollution Control Board: राष्ट्रवादी कांग्रेस (शरद पवार) पार्टी के विधायक रोहित पवार की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। प्रवर्तन निदेशालय की जांच का सामना कर रहे रोहित पवार को अब महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एमपीसीबी) ने एक नया कानूनी नोटिस जारी किया है। बोर्ड ने उनकी कंपनी 'बारामती एग्रो' के चीनी कारखाने को पर्यावरण नियमों के उल्लंघन के मामले में कारण बताओ नोटिस भेजा है।
बोर्ड ना ने कारखाने पर वायु और जल प्रदूषण फैलाने का गंभीर आरोप लगाते हुए स्पष्टीकरण देने के लिए सात दिनों का समय दिया है। साथ ही बोर्ड की वैध सहमति के बिना कारखाना आगे न चलाने का निर्देश भी दिया गया है।
यह पूरा मामला इंदापुर तहसील के शेटफलगडे स्थित चीनी कारखाने से जुड़ा है, जिसकी शिकायत स्थानीय ग्रामीणों ने की थी। इसके बाद 3 जुलाई को अधिकारियों ने कारखाने का निरीक्षण किया। जांच में पाया गया कि कारखाने का बिना प्रोसेस किया हुआ औद्योगिक गंदा पानी दो एकड़ के तालाब में छोड़ा जा रहा है, जो रिसकर पास के सिंचाई कनाल और कुओं में मिल रहा है। हाइड्रोक्लोरिक एसिड के भंडारण की उचित वैज्ञानिक व्यवस्था न होने से गैस रिसाव का खतरा भी सामने आया है।
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क्षेत्रीय अधिकारी बाबासाहेब कुकडे ने बताया कि यदि सात दिनों के भीतर समाधानकारक जवाब नहीं मिला, तो सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस पर विधायक रोहित पवार की प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी है।