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पुणे

पुणेवासियों के लिए बड़ी खुशखबरी: अब घर बैठे ऑनलाइन मिलेंगे जोन और साइट सर्टिफिकेट, चक्कर लगाने से मुक्ति

Pune Zone Certificate Online: PMRDA ने डिजिटल पहल करते हुए JIO पोर्टल लॉन्च किया है। अब नागरिकों को जोन सर्टिफिकेट साइट एलिवेशन सर्टिफिकेट ऑनलाइन मिलेंगे, सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने से राहत मिलेगी।

प्रमोद यादव

Highlights

  • PMRDA ने नागरिक सेवाओं को डिजिटल बनाने के लिए नई पहल की है।

  • जोन सर्टिफिकेट, पार्ट प्लान और साइट एलिवेशन सर्टिफिकेट ऑनलाइन उपलब्ध होंगे।

  • पहले इन प्रमाणपत्रों के लिए क्रमशः 7, 3 और 10 दिन तक लगते थे।

  • वर्ष 1997 में मंजूर पुणे क्षेत्रीय योजना का GIS प्रणाली में डिजिटलीकरण किया गया है।

  • जियो पोर्टल पर 674 गांवों की सीमाओं समेत 25 से अधिक भौगोलिक जानकारियां उपलब्ध हैं।

Pune Site Elevation Certificate: नागरिकों को सरकारी सेवाएं तेज, पारदर्शी और सुविधाजनक तरीके से उपलब्ध कराने के लिए पुणे महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (PMRDA) ने डिजिटल पहल की है। प्राधिकरण के जीआईएस आधारित जियो पोर्टल के माध्यम से अब जोन सर्टिफिकेट, पार्ट प्लान और साइट एलिवेशन सर्टिफिकेट ऑनलाइन उपलब्ध होंगे।

इन सेवाओं की प्रक्रिया स्वचालित किए जाने से प्रमाण पत्र प्राप्त करने में लगने वाला समय कम होगा। साथ ही, नागरिकों को संबंधित कार्यालयों में बार-बार जाने और अधिकारियों के पास चक्कर लगाने से राहत मिलेगी।

महाराष्ट्र लोक सेवा अधिकार अधिनियम और सरकारी प्रक्रिया पुनर्गठन (जीपीआर) पहल के तहत यह डिजिटल सुविधा विकसित की गई है। पहले इन प्रमाणपत्रों के लिए क्षेत्रीय योजना के कागजी नक्शों की जांच और तकनीकी सत्यापन करना पड़ता था।

भूखंड से संबंधित जानकारी प्राप्त करना होगा और आसान

इस कारण प्रमाण पत्र मिलने में कई दिन लग जाते थे। अब जीआईएस तकनीक के जरिए इस प्रक्रिया को ऑनलाइन और स्वचालित बनाया गया है। पहले जीन सर्टिफिकेट प्राप्त करने में सात दिन, पार्ट प्लान के लिए तीन दिन और साइट एलिवेशन सर्टिफिकेट के लिए करीब दस दिन लगते थे।

पुणे महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (PMRDA) ने वर्ष 1997 में मंजूर पुणे क्षेत्रीय योजना का डिजिटलीकरण कर उसे जीआईएस प्रणाली में शामिल किया है। इसके अलावा डिजिटल एलिवेशन मॉडल, टोपोशीट्स और आधुनिक भौगोलिक जानकारी की मदद से साइट एलिवेशन सर्टिफिकेट जारी करने की प्रक्रिया को स्वचालित किया गया है।

नई व्यवस्था के तहत नागरिकों को जोन सर्टिफिकेट के साथ पार्ट प्लान भी उपलब्ध होगा, इससे भूखंड से संबंधित नियोजन संबंधी जानकारी प्राप्त करना आसान होगा।

25 से अधिक भौगोलिक जानकारियां उपलब्ध

पीएमआरडीए के जियो पोर्टल पर प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र के 674 गांवी की सीमाओं सहित 25 से अधिक महत्वपूर्ण भौगोलिक और प्रशासनिक स्तरों की जानकारी उपलब्ध कराई गई है।

इसमे मेट्रो मार्ग, टीओडी जीन, पुरंदर हवाई अड़े का प्रभावित क्षेत्र, राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) का बफर जोन, हेमरल (एचईएमआरएल) की सीमाएं, वन्यजीव अभयारण्यों की सीमाएं, रेलवे मार्ग और बाढ़ रेखाएं शामिल है, बाढ़ रेखाओं में रेड लाइन और ब्लू लाइन की जानकारी भी उपलब्ध है।

इस पोर्टल के माध्यम से नागरिक अपने भूखंड के आसपास के नियोजित मागों, बाढ़ प्रभावित क्षेत्री, मेट्रो मागों और क्षेत्रीय योजना से संबंधित प्राथमिक आधिकारिक जानकारी घर बैठे देख सकेंगे, यह जानकारी भूखंड विकास और निर्माण संबंधी नियोजन के लिए उपयोगी होगी।

जीआईएस आधारित सार्वजनिक पोर्टल प्राधिकरण के कार्यक्षेत्र में नियोजन और विकास प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, तेज और नागरिक केंद्रित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, इससे नागरिकों को भूखंड के आसपास की नियोजन संबंधी प्राथमिक जानकारी एक क्लिक पर मिलेगी और प्रमाणपत्रों के लिए सरकारी कार्यालयों में बार-बार जाने की आवश्यकता कम होगी,
- डॉ. अभिजीत चौधरी, आयुक्त, पीएमआरडीए

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