Pimpri Chinchwad Bhama Askhed Project: पिंपरी, पिंपरी-चिंचवड़ शहर के नागरिकों को पानी की कमी और एक दिन छोड़कर होने वाली जलापूर्ति से राहत पाने के लिए अभी कुछ और महीनों तक इंतजार करना होगा। महानगर पालिका ने भामा आसखेड जलापूर्ति परियोजना को जनवरी 2027 तक पूरा करने का नया लक्ष्य निर्धारित किया है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूरा होने पर शहर को अतिरिक्त 167 एमएलडी (मिलियन लीटर प्रतिदिन) पानी उपलब्ध होगा, लेकिन शेष कार्यों में हो रही देरी के कारण नागरिकों को तत्काल राहत मिलने की संभावना नहीं दिखाई दे रही है।
10 महीने में काम पूरा करेगा नया ठेकेदार बता दें कि भामा आसखेड बांध से पानी लाने की योजना पर कई वर्षों से काम चल रहा है। मुख्य पाइपलाइन बिछाने का काम जारी है। हालांकि मुख्य पाइपलाइन का काम भूमि अधिग्रहण, तकनीकी अड़चनों, रेलवे क्रॉसिंग, राष्ट्रीय राजमार्ग तथा वन विभाग की अनुमतियों जैसे विभिन्न विवादों के कारण लंबे समय से लंबित था।
पूर्व ठेकेदार द्वारा काम अधूरा छोड़ दिए जाने के कारण शेष लगभग 30 प्रतिशत काम के लिए अब नए ठेकेदार की नियुक्ति की गई है। पिंपरी-चिंचवड़ मनपा प्रशासन ने बचे हुए पाइपलाइन कार्य को अगले दस महीनों में पूरा करने की योजना बनाई है और इसके लिए युद्धस्तर पर काम करने के निर्देश दिए गए हैं।
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वर्तमान में चिखली, मोशी, वाकड़, हिंजवड़ी और नए शामिल हुए गांवों में पानी की मांग तेजी से बढ़ी है। फिलहाल पिंपरी-चिंचवड़ शहर को मुख्य रूप से पवना डैम से आपूर्ति की जाती है, जो बढ़ती आबादी के लिए पर्याप्त नहीं है। परियोजना पूरी होने के बाद नए विकसित क्षेत्रों को इसका विशेष लाभ मिलेगा। पानी के समान वितरण के लिए मनपा ने एक दिन छोड़कर जलापूर्ति की व्यवस्था लागू की हुई है।
अब जनवरी 2027 की नई डेडलाइन सामने आने से नागरिको को पानी का सावधानीपूर्वक उपयोग करना होगा। तय समय पर कार्य पूरा नहीं हुआ तो लागत और परेशानी दोनों बढ़ सकती है, इसलिए मनपा आयुक्त और जलापूर्ति विभाग परियोजना की प्रगति पर सीधे नजर रख रहे हैं।