Pune Traffic Police Weekly Off: पुणे में ट्रैफिक कम करने के लिए बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया गया है। ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का वीकली ऑफ सड़कों पर वाहनों के दबाव के आधार पर आधारित होगा।
पुणे पुलिस कमिश्नर अमितेश कुमार ने शहर में रोजाना लगने वाले भारी ट्रैफिक जाम से आम जनता को राहत दिलाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। अब ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का वीकली ऑफ सड़कों पर वाहनों के दबाव के आधार पर तय होगा।
नई योजना के अनुसार, जिन दिनों में सड़कों पर गाड़ियों की आवाजाही कम रहती है, उन दिनों अधिक पुलिसकर्मियों को छुट्टी दी जाएगी। इसके विपरीत, सबसे अधिक भीड़ और ट्रैफिक वाले व्यस्त दिनों में अधिकतम पुलिस बल को सड़कों पर मुस्तैद रखा जाएगा।
सीमित मैनपावर के चलते प्रमुख चौराहों और संवेदनशील इलाकों में ट्रैफिक पुलिस पर भारी दबाव रहता है, जिसे कम करने के लिए यह फैसला लिया गया है।
अध्ययन के बाद ट्रैफिक सुचारू रखने के लिए 'ट्रैफिक वॉर्डन' की कार्यशैली में भी महत्वपूर्ण बदलाव किया गया है। पहले ट्रैफिक वार्डन दो अलग-अलग शिफ्टों में काम करते थे। अब इस व्यवस्था को बदलकर दोपहर 12 बजे से रात 8 बजे तक की एक ही सिंगल शिफ्ट कर दी गई है।
इस शिफ्ट के कारण काफी ट्रैफिक लोड कम होगा ऐसा मानना है। इसका मुख्य उद्देश्य पीक-आवर्स में सड़कों पर अधिकतम बल की उपस्थिति सुनिश्चित करना है।
इसके अलावा, ट्रैफिक पुलिस विभाग ने हाल ही में ई-चालान की जब्ती कार्रवाई को रोककर कर्मचारियों को केवल यातायात प्रबंधन संभालने का निर्देश दिया है।
अब प्रत्येक ट्रैफिक डिवीजन की जमीनी स्थिति और पीक-डेज का गहराई से अध्ययन किया जा रहा है। यह नया नियम कितना प्रभावशाली होगा अब ये तो समय ही बताएगा।