Vasai Virar Municipal Corporation: वसई में सड़क मरम्मत के दौरान सुरक्षा इंतजामों की कथित कमी के कारण स्कूटी सवार मां-बेटी हादसे का शिकार हो गईं। आरोप है कि पाले रोड स्थित दरगाह के पास सड़क पैचवर्क के लिए गर्म मैस्टिक डाला गया था।
लेकिन मौके पर बैरिकेड और चेतावनी बोर्ड नहीं लगाए गए थे। सुबह के अंधेरे में मैस्टिक दिखाई नहीं देने के कारण स्कूटी दुर्घटनाग्रस्त हो गई।
घटना शनिवार तड़के करीब 5 बजे की बताई जा रही है। सोनाली नाजेंथ मिर्ची अपनी 58 वर्षीय मां सुशीला मिर्ची को डायलिसिस के लिए अस्पताल ले जा रही थीं। दोनों स्कूटी से वसई किला बंदर से नायगांव की ओर जा रही थीं।
पाले रोड स्थित दरगाह के पास वसई-विरार शहर महानगरपालिका की ओर से सड़क पैचवर्क का काम चल रहा था। इसी दौरान सड़क पर गर्म मैस्टिक डाला गया था। पीड़ितों के मुताबिक, मौके पर पर्याप्त सुरक्षा संकेत नहीं होने के कारण सोनाली को सड़क पर पड़ा मैस्टिक नजर नहीं आया।
जैसे ही स्कूटी गर्म मैस्टिक के ऊपर से गुजरी, टायर मैस्टिक में चिपक गया और अचानक फट गया। इससे स्कूटी का संतुलन बिगड़ गया और दोनों महिलाएं सड़क पर गिर गईं।
हादसे में सोनाली के हाथ और पैर गर्म मैस्टिक के संपर्क में आने से गंभीर रूप से झुलस गए। वहीं उनकी मां सुशीला के सिर में गंभीर चोट लगने की जानकारी सामने आई है।
घायल मां-बेटी ने वसई विरार महानगरपालिका प्रशासन और संबंधित ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि सड़क पर निर्माण या मरम्मत कार्य के दौरान नागरिकों की सुरक्षा के लिए बैरिकेडिंग और रेडियम चेतावनी बोर्ड लगाए जाने चाहिए, लेकिन मौके पर ऐसी व्यवस्था नहीं की गई थी।
पीड़ितों ने संबंधित ठेकेदार का लाइसेंस रद्द करने और उसके खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने की मांग की है। उनका आरोप है कि सुरक्षा व्यवस्था किए बिना सड़क का काम किए जाने से यह हादसा हुआ। फिलहाल घटना में ठेकेदार की जिम्मेदारी और सड़क मरम्मत स्थल पर सुरक्षा मानकों के पालन को लेकर जांच की मांग उठ रही है।