Nashik Simhastha Kumbh AI Security: आगामी सिंहस्थ कुंभमेले को अभूतपूर्व सुरक्षा कवच प्रदान करने के लिए नासिक शहर पुलिस ने तकनीक और रणनीति का एक आधुनिक संगम तैयार किया है। इस बार मेले की सुरक्षा व्यवस्था केवल मानव बल तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि पूरे आयोजन को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और जीपीएस ट्रैकिंग जैसे अत्याधुनिक डिजिटल सुरक्षा उपकरणों से लैस किया जाएगा।
पुलिस महानिदेशक सदानंद दाते ने इस सूक्ष्म और प्रभावी सुरक्षा योजना की विशेष सराहना की है। भीड़ प्रबंधन और आपदा नियंत्रण के लिए इस बार शीर्ष अधिकारियों को सीधे मैदानी स्तर पर तैनात किया जाएगा।
साधुग्राम, शाही स्नान घाट, पार्किंग जोन और होल्डिंग एरिया जैसे हर संवेदनशील स्थल का प्रभार एक-एक पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) को सौंपा जाएगा। नासिक पुलिस ने 50 से अधिक डीसीपी की मांग की थी, जिनमें से 40 अधिकारियों की नियुक्ति लगभग तय हो गई है। सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूती देने के लिए प्रशिक्षु आईपीएस अधिकारियों की भी तैनाती की जाएगी।
यह नासिक के इतिहास का अब तक का सबसे विशाल पुलिस बंदोबस्त होगा। सुरक्षा चक्र को अभेद्य बनाने के लिए राज्य भर से लगभग 30 हजार पुलिसकर्मी नासिक पहुंचेंगे, एसआरपीएफ और क्यूआरटी के विशेष कमांडो भी मुस्तैद रहेंगे। इंटेलिजेंस ब्यूरो, एनएसजी, एसआईडी और एटीएस जैसी केंद्रीय एवं राज्य स्तरीय एजेंसियां हर गतिविधि पर पैनी नजर रखेंगी।
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पुलिस आयुक्त संदीप कर्णिक के निर्देशन में सुरक्षा का खाका तैयार हो चुका है शहर में प्रवेश करने वाले हर श्रद्धालु और वाहन की निगरानी अत्याधुनिक एआई कैमरों द्वारा की जाएगी।
जीपीएस प्रणाली के जरिए पुलिस का आंतरिक संचार और भी तेज तथा सटीक होगा, जिससे आपातकालीन स्थिति में त्वरित कार्रवाई संभव हो सकेगी। नासिक शहर के साथ-साथ त्र्यंबकेश्वर के लिए नासिक ग्रामीण पुलिस ने एक पृथक और व्यापक सुरक्षा योजना तैयार की है।