Nashik MIDC Road Construction: नासिक के औद्योगिक रूप से महत्वपूर्ण एमआईडीसी क्षेत्र में गरवारे पॉइंट से एक्सलो पॉइंट तक का मार्ग इन दिनों वाहन चालकों के लिए जी का जंजाल बन गया है। इस मार्ग पर लगने वाले भीषण ट्रैफिक जाम के कारण मात्र 3 किलोमीटर की दूरी तय करने में यात्रियों को 1 से 2 घंटे का समय लग रहा है। इससे न केवल समय की बर्बादी हो रही है, बल्कि ईंधन पर भी अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ रहा है।
संकरी लेन और भारी वाहनों का दबाव, लोग परेशान जाम का मुख्य कारण इस मार्ग पर चल रहा कछुआ गति से सड़क निर्माण कार्य है सड़क के एक तरफ का सीमेंट कंक्रीट का काम पूरा हो चुका है, लेकिन तकनीकी कारणों या प्रशासनिक देरी की वजह से इसे अभी तक यातायात के लिए खोला नहीं गया है।
इसके परिणामस्वरूप, दोनों दिशाओं का पूरा ट्रैफिक एक ही संकरी लेन पर मोड़ दिया गया है। एमआईडीसी क्षेत्र होने के कारण यहां ट्रक, कंटेनर और भारी मालवाहकों की लंबी कतारें लगी रहती हैं। व्यस्त समय में हालत यह है कि 100 मीटर की दूरी तय करने में भी आधा घंटा लग रहा है।
हैरानी की बात यह है कि एक्सली पॉइंट के लिए नवा ट्रैफिक यूनिट तो गठित किया गया है। लेकिन पिछले 6 महीनों से यहां पर्याप्त पुलिस बल नदारद है।
ट्रैफिक पुलिस की अनुपस्थिति में वाहन चालक गलत दिशा से वाहन निकालकर जाम को और अधिक जटिल बना रहे हैं। इस जाम का सबसे बुरा असर स्कूल जाने वाले बच्चों, फैक्ट्री कामगारों और व्यापारियों पर पड़ रहा है।
सबसे चिंताजनक बात यह है कि जीवन रक्षक सेवाएं देने वाली एम्बुलेंस भी इस जाम में घंटों फंसी रहती है, जिससे किसी बड़ी अनहोनी की आशंका बनी रहती है।
स्थानीय नागरिकों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने इस गंभीर समस्या पर तत्काल ध्यान नहीं दिया, तो आने वाले दिनों में यह स्थिति और भी भयावह रूप ले सकती है।
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तैयार हो चुकी सीमेंट कंक्रीट की सड़क को तुरंत यातायात के लिए खोला जाए, व्यस्त चौराहों पर ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की संख्या बढ़ाई जाए। भारी वाहनों के प्रवेश के लिए समय सीमा तय की जाए या वैकल्पिक मार्ग दिया जाए।