नागपुर, स्कूल, नया सत्र,(सोर्स: नवभारत फाइल फोटो) 
नागपुर

नई यूनिफॉर्म, नया बैग और चेहरे पर मुस्कान; नागपुर में पहले दिन मिठाई खिलाकर शुरू हुआ नया शैक्षणिक सत्र

Nagpur Students Welcome: ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद नागपुर के स्कूलों में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत हुई। रेड कारपेट, मिठाई और फूलों से बच्चों का स्वागत किया गया, जिससे स्कूलों में फिर से रौनक लौट आई।

अंकिता पटेल

Nagpur New Academic Session: नागपुर ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद मंगलवार से नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत होते ही शहर के स्कूलों में फिर से बच्चों की चहल-पहल और किलकारियां गूंज उठीं। पहले ही दिन विद्यार्थियों का उत्साह देखते ही बन रहा था। कई स्कूलों में बच्चों के स्वागत के लिए रेड कारपेट बिछाया गया, जबकि शिक्षकों ने मिठाई खिलाकर उनका अभिनंदन किया।

कुछ विद्यालयों में विद्यार्थियों पर गुलाब की पंखुड़ियों की वर्षा भी की गई। सुबह प्राथमिक कक्षाओं के विद्यार्थियों और दोपहर में माध्यमिक कक्षाओं के छात्रों के पहुंचने से स्कूल परिसर लगभग 2 महीने बाद फिर से गुलजार हो गए।

नए सत्र के पहले दिन स्कूलों में उत्साह, बच्चों का गर्मजोशी से हुआ स्वागत

नए सत्र के पहले दिन बड़ी संख्या में अभिभावक भी बच्चों को स्वयं स्कूल छोड़ने पहुंचे और उनकी खुशी में शामिल हुए। कई अभिभावकों ने पहले दिन स्कूल बस की बजाय खुद बच्चों को स्कूल पहुंचाना उचित समझा।

पहले दिन शिक्षकों ने औपचारिक पढ़ाई की बजाय विद्यार्थियों से परिचय, संवाद और विभिन्न गतिविधियों पर अधिक जोर दिया। स्कूल परिसर में बच्चों के साथ खेल, चर्चा और मार्गदर्शन के माध्यम से उन्हें नए माहौल से परिचित कराया गया। नए शिक्षक, नई कक्षा और नए साथियों को लेकर विद्यार्थियों में खासा उत्साह दिखाई दिया।

2 महीने बाद पुराने मित्रों से मिलकर बच्चों ने जमकर बातचीत की, नए दोस्त भी बनाए, नए सत्र के साथ बच्चों में नई यूनिफॉर्म, नया स्कूल बैग, पाठ्यपुस्तकों और अध्ययन सामग्री को लेकर भी उत्सुकता रही। विद्यार्थी एक दूसरे के साथ अपने नए सामान की जानकारी साझा करते नजर आए।

परिचय और संवाद पर जोर

  • नए शैक्षणिक सत्र में कक्षा और शिक्षक दोनों बदलने से स्कूलों का माहौल भी बदला हुआ दिखाई दिया।
  • शिक्षकों ने पहले दिन विद्यार्थियों से परिचय कर उनके स्वभाव और रुचियों को समझने का प्रयास किया।
  • अधिकांश कक्षाओं में पढ़ाई शुरू करने के बजाय संवाद और परिचय सत्र आयोजित किए गए।
  • शिक्षकों का कहना है कि पूरे वर्ष विद्यार्थियों के साथ बेहतर तालमेल और आनंददायी शिक्षण वातावरण बनाने के लिए पहले दिन आपसी
  • परिचय और विश्वास कायम करना सबसे महत्वपूर्ण होता है।

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