नागपुर, महर्षि वाल्मीकि आवास योजना,नीता ठाकरे,(सोर्स- नवभारत फाइल फोटो) 
नागपुर

नागपुर में 12 जुलाई को आवास योजनाओं का भूमिपूजन; महर्षि वाल्मीकि योजना की अंतिम नीति पर CM फडणवीस से चर्चा

Nagpur Housing Scheme: नागपुर में 12 जुलाई को दो आवास योजनाओं का भूमिपूजन होगा। महर्षि वाल्मीकि आवास योजना की अंतिम नीति कीमत और फ्लैट के आकार पर मुख्यमंत्री के साथ चर्चा के बाद तय होगी।

अंकिता पटेल

Nagpur Maharshi Valmiki Housing Scheme: नागपुर जिले में सफाई कर्मचारियों और अल्प आय वर्ग के लिए बड़ी सौगात देने की दिशा में भले ही 12 जुलाई को 2 बड़ी आवास योजनाओं पर अमल शुरू होने जा रहा हो, किंतु विशेष रूप से सफाई कर्मचारियों के लिए निर्धारित महर्षि वाल्मीकि आवास योजना की नीति फिलहाल तय नहीं होने की जानकारी महापौर नीता ठाकरे ने पत्र परिषद में दी।

उन्होंने कहा कि कीमतों और फ्लैट के आकार को लेकर कुछ चर्चा राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ जारी है जिसमें सफाई कामगारों के हितों की दृष्टि से कुछ निर्णय लिए जाने हैं। उसके बाद अंतिम नीति निधर्धारित होगी। उन्होंने कहा कि 'नारी' इलाके के पिछले हिस्से में 2 प्रमुख आवास योजनाओं का निर्माण शुरू होने जा रहा है।

12 जुलाई को दोपहर 12 बजे होने वाले एक भव्य कार्यक्रम में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले इन योजनाओं का भूमिपूजन करेंगे। पत्र परिषद में उपमहापौर लीला हाथीबेड, सत्तापक्ष नेता बाल्या बोरकर, स्थायी समिति सभापति शिवानी दानी और स्थापत्य समिति सभापति अश्विनी जिचकार, मुख्य अभियंता लीना उपाध्ये उपस्थित थे।

गरीबों के घर का सपना होगा साकार

सफाई कर्मचारियों की कॉलोनी से कुछ ही दूरी पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत एक और वसाहत का निर्माण किया जाएगा। यह योजना विशेष रूप से सिटी के उन निवासियों के लिए है जो अल्प आय वर्ग से आते हैं और जिनके पास अपना घर नहीं है।

लगभग 97.31 करोड़ रुपये की लागत वाली इस योजना में भी निर्माण की जिम्मेदारी 'संदीप डेवलपर्स' को दी गई है। इसमें S+7 की 15 इमारतों का निर्माण किया जाएगा। पहले की योजनाओं के विपरीत इसमें 2 BHK (308 फ्लैट्स) के साथ-साथ 1 BHK फ्लैट्स की भी व्यवस्था की गई है। इसके अलावा दिव्यांग नागरिकों के लिए 5% समांतर आरक्षण लागू किया गया है, जिसके तहत उनके लिए 26 फ्लैट्स आरक्षित रहेंगे।

सफाई कर्मचारियों के लिए पहली विशेष आवास योजना

उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारियों को नागपुर महानगर पालिका की रीढ़ माना जाता है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए पूरे राज्य में पहली बार सफाई कर्मचारियों के लिए उनके खुद के आवास की व्यवस्था की जा रही है।

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के प्रोत्साहन से यह योजना साकार हो रही है। कार्यालयीन बैठक में सर्वसम्मति से इस वसाहत का नाम महर्षि सुदर्शन या महर्षि वाल्मीकि के नाम पर रखने का प्रस्ताव रखा गया है,

बजट और निर्माण: इस विशेष परियोजना की लागत 9145.85 लाख रुपये (लगभग 91.45 करोड़ रुपये) तय की गई है और इसका निर्माण 'संदीप डेवलपर्स' द्वारा किया जाएगा।

फ्लैट्स का विवरण: इस योजना (UDCPR 2020 के तहत) में 2 बीएचके (2BHK) फ्लैट्स बनाए जाएंगे, जिनका चटाई क्षेत्र (Carpet area) 41.1 वर्ग मीटर और कुल क्षेत्रफल 62.99 वर्ग मीटर होगा।

आधुनिक और इको फ्रेंडली सुविधाएं: इस वसाहत में S + 7 ग्राउंड प्लस 7) की कुल 14 इमारतें बनेंगी। इसे कम से कम सिल्वर ग्रीन बिल्डिंग' प्रमाणपत्र मिलेगा, जिसमे कंपाउंड वॉल, कम्युनिटी हॉल, सोलर वॉटर हीटर और सोलर इलेवट्रिसिटी जैसी बेहतरीन सुविधाएं होंगी। इस पूरे प्रोजेक्ट को 3 साल के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

Delhi Protest LIVE: मोदी-शाह और ज्ञानेश ने देश को बर्बाद किया, 2024 के चुनाव में वोट चोरी हुई: राहुल गांधी

INDIA ब्लॉक से ठाकरे गुट ने क्यों बनाई दूरी? राष्ट्रपति से मुलाकात में नहीं होंगे शामिल, CM फडणवीस ने कसा तंज

मुंबई से दिल्ली जाने का प्लान है? 10 अक्टूबर को 5 ट्रेनें रद्द और 2 राजधानी एक्सप्रेस 5 घंटे देरी से चलेंगी

Bypoll Results 2026: बंगाल-असम में BJP तो तमिलनाडु में TVK ने मारी बाजी, देखें उपचुनाव के नतीजे

मक्खी-मच्छर, तिलचट्टा सब आंदोलन करें! CJP के प्रदर्शन पर उद्धव गुट के नेता आनंद दुबे का तंज, CEC पर भी निशाना