महाराष्ट्र में मौसम का हाल (AI Generated Photo) 
नागपुर

Maharashtra Monsoon: राज्य में थमी बारिश, कोंकण और विदर्भ के लिए येलो अलर्ट

Maharashtra Monsoon Update: महाराष्ट्र में मानसून अब थम गया है। राज्य के कई इलाकों में बारिश का सिलसिला थम गया है। तो वहीं विदर्भ और कोंकण के इलाकों में येलो अलर्ट जारी किया गया है।

प्रिया जैस

Maharashtra Monsoon Update: महाराष्ट्र में मानसून की रफ्तार धीमी हो गई है। मौसम विभाग ने कोंकण, घाट और विदर्भ के लिए 'येलो अलर्ट' जारी किया है। कोंकण के रायगढ़ और रत्नागिरी जिलों के साथ-साथ सतारा घाट और पुणे घाटों हेतु गुरुवार के लिए 'येलो अलर्ट' जारी किया गया है। इन जगहों पर भारी बारिश का अनुमान है। उत्तरी मध्य महाराष्ट्र के घाटों पर भी कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है।

मराठवाड़ा के बीड, लातूर और नांदेड़ जिलों में मध्यम से हल्की बारिश की संभावना है। शेष महाराष्ट्र के लिए आज 'ग्रीन अलर्ट' जारी किया गया है, जिसका अर्थ है कि भारी बारिश की संभावना कम है गुरुवार को मुंबई शहर और उपनगरों में आसमान में सामान्यतः बादल छाए रहेंगे और मध्यम बारिश की संभावना है। बुलढाणा, अमरावती, वर्धा, नागपुर, चंद्रपुर, गड़चिरोली, गोंदिया, में येलो अलर्ट जारी किया गया है।

नागपुर में जरी सी बारिश में हाल बेहाल

नागपुर स्टेशन रिडेवलपमेंट प्रोजेक्ट के तहत जारी निर्माण कार्य के बीच अजनी स्टेशन पर सुविधाओं का भारी अभाव बना हुआ है। खासकर बारिश के मौसम में 2 प्लेटफॉर्मों पर टीन के शेड नहीं होने के कारण यात्रियों को भीगना पड़ रहा है। प्लेटफॉर्म नंबर एक पर लगाया गया शेड भी सीमित क्षेत्र को ही कवर करता है जो बढ़ती भीड़ के लिहाज से पूरी तरह नाकाफी है। इससे यात्रियों को धूप और बारिश दोनों में ही असुविधा झेलनी पड़ रही है।

3 ट्रेनों के साथ बढ़ी यात्रियों की आवाजाही

हाल ही में नागपुर रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म नंबर 6 और 7 के पुनर्निर्माण कार्य के चलते 4 जुलाई से कुछ ट्रेनों का संचालन रोका गया है। इस कारण 24 अगस्त तक कुछ महत्वपूर्ण ट्रेनों प्रेरणा एक्सप्रेस, पुणे हमसफर एक्सप्रेस और नागपुर-कोल्हापुर एक्सप्रेस का संचालन अब अजनी स्टेशन से किया जा रहा है लेकिन इन ट्रेनों के संचालन के लिए अजनी स्टेशन पर जरूरी बुनियादी ढांचे की कमी यात्रियों की परेशानी को और बढ़ा रही है।

पार्किंग की समस्या बनी मुसीबत

अजनी रेलवे स्टेशन पर पार्किंग की व्यवस्था भी बेहद खराब स्थिति में है। स्टेशन परिसर में दोपहिया, चारपहिया और अन्य वाहनों को पार्क करने की कोई व्यवस्थित सुविधा नहीं है। यात्रियों को छोड़ने आने वाले परिजनों को वाहन खड़ा करने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ती है। अक्सर वाहन बाहर अनियंत्रित रूप से खड़े कर दिए जाते हैं जिससे यातायात बाधित होता है और चालान की चिंता अलग सताती है।

ट्रैफिक जाम और कीचड़ से बढ़ी परेशानी

  • स्टेशन के बाहर ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। अजनी मेट्रो स्टेशन से लेकर स्टेशन की पुलिया तक किसी प्रकार का ट्रैफिक नियंत्रण नहीं देखा जाता।
  • ट्रैफिक पुलिस की गैर मौजूदगी के चलते सड़क पर वाहन अनियंत्रित रूप से चलते हैं जिससे जाम लगना आम हो गया है। बारिश के दिनों में हालात और भी खराब हो जाते हैं।
  • स्टेशन परिसर और आस-पास की सड़कों पर कीचड़ फैल जाता है जिससे यात्रियों और वाहन चालकों को फिसलने की नौबत आ जाती है
  • स्टेशन परिसर में साफ-सफाई की भारी कमी है और रात्रि में अंधेरा छाया रहता है जिससे यात्रियों की सुरक्षा को खतरा बना रहता है।
  • इससे साफ होता है कि अजनी स्टेशन के विकास को लेकर संबंधित प्रशासन और नेताओं की रुचि न के बराबर है जबकि नागपुर स्टेशन के विकास पर लगातार ध्यान दिया जा रहा है।

BSP के ब्राह्मण चेहरे हुए बेगाने, 2027 में मायावती कैसे साधेंगी दलित-ब्राह्मण समीकरण?

हसीना को सौंपो, तभी आएंगे भारत! तारिक रहमान के भारत दौरे पर बांग्लादेश ने रखी शर्त, अगले महीने BRICS की बैठक

Africa Delivery Apps: अफ्रीका के होम डिलीवरी ऐप्स IND के स्टार्टअप्स से सीख सकते हैं डिलीवरी का तरीका: रिपोर्ट

Vande Mataram Row: सोनिया गांधी की बढ़ीं मुश्किलें! BJP नेता ने दर्ज कराई शिकायत, हाईकोर्ट जाने की दी चेतावनी

तिरंगे का सफर: एक झंडा, 120 साल की कहानी, 1906 से 1947 तक ऐसे बदला भारत का राष्ट्रीय ध्वज...