कांग्रेस समिति बैठक (सौजन्य-नवभारत) 
नागपुर

मुंबई नहीं, नागपुर में ही होगी उम्मीदवारी तय, कांग्रेस चयन समिति की बैठक में बनी रणनीति

Maharashtra Local Body Elections: महाराष्ट्र स्थानीय निकाय चुनाव में इस बार नागपुर शहर बेहद अहम भूमिका निभाने वाला है। कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी ने अपनी प्लानिंग यही से शुरू कर दी है।

प्रिया जैस

Nagpur Politics: पिछले मनपा चुनाव में एबी फार्म के लिए भागमभाग, बगावत, मतभेद आदि से सीख लेते हुए आगामी चुनाव के लिए कांग्रेस पुख्ता रणनीति तैयार कर रही है। शहर अध्यक्ष विकास ठाकरे की अध्यक्षता में हुई चिला चुनाव समिति की बैठक में विविध मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में जिला प्रभारी रणजीत कांबले भी उपस्थित थे।

सभी विधानसभा क्षेत्र के सहप्रभारी व प्रमुख पदाधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये गए। यह आश्वस्त किया गया कि इस बार उम्मीदवार मुंबई से नहीं बल्कि नागपुर से ही तय किये जाएंगे। बीते चुनाव में आपसी विवाद, मतभेद, एबी फार्म के लिए रस्साखींच व लेटलतीफ उम्मीदवारी घोषित किये जाने के चलते अनेक उम्मीदवार पराजित हो गए थे। केवल 29 नगरसेवक चुनकर आए थे। पार्टी के असंतोष का फायदा भाजपा को मिला था।

नियोजनबद्ध चुनाव कार्यक्रम तय किया

इस सारी परिस्थितियों से बचने के लिए प्रदेश अध्यक्ष ने नियोजनबद्ध चुनाव कार्यक्रम तय किया है। संगठनात्मक दृष्टि से माइक्रो प्लानिंग की गई है। प्रभारियों के साथ सह-प्रभारी भी नियुक्त किये गए हैं। बैठक में विधानसभा निहाय प्रभारी शिवा रेड्डी, मोहम्मद नदीम, सतीश वारजूरकर, जिया पटेल, किशोर बोरकर, विधायक अभिजीत वंजारी, दिनेश बानाबाकोडे, नरेश गावंडे, संजय महाकालकर, अशोक धवड, गिरीश पांडव, बंटी शेलके सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित थे।

आपसी संवाद व समन्वय के निर्देश

बैठक में सभी सह-प्रभारियों को सप्ताह में कम से कम दो बार मतदान क्षेत्र के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं से संवाद व समन्वय बनाने के निर्देश दिये गए। ज्येष्ठ नेताओं से लेकर बूथ लेवल प्रमुख व कार्यकर्ताओं के साथ संपर्क में रहते हुए चुनाव के संदर्भ में अपडेट रहने के निर्देश भी दिये गए।

एक बूथ पर कम से कम 15 सदस्य बनाने व उम्मीदवारी पर विचार करने, प्रभाग निहाय कार्यक्रम आयोजित कर जनता की विविध समस्याओं को समझकर उनका निराकरण करने का प्रयास करने की अपील भी की गई। विस निहाय मतदाता सूची की जांचकर उसकी त्रुटियों पर ध्यान रखने, बीएलए की सूची लेकर निरीक्षक के साथ चर्चा कर बूथ नियोजन करने पर भी ध्यान देने की बात कही गई।

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