एनसीपी सांसद सुप्रिया सुले ने सवाल उठाया कि जेल में बंद व्यक्ति हमले की योजना कैसे बना सकता है।
मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने इस सनसनीखेज मामले में चार और नए आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
शुरुआती पूछताछ में यह बात सामने आई है कि इस हमले का मुख्य मकसद इंडस्ट्री में डर फैलाना था।
Supriya Sule Questions Lawrence Bishnoi: बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाकर की गई गोलीबारी की घटना पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (SP) की सांसद सुप्रिया ने प्रतिक्रिया दी है।
हमले की जिम्मेदारी जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई ने ली है, जिसको लेकर सुप्रिया सुले ने गुरुवार को कहा कि जेल में बंद कोई भी व्यक्ति हमले की योजना नहीं बना सकता और फिर उसकी जिम्मेदारी लेकर उसे सोशल मीडिया पर पोस्ट नहीं कर सकता।
सुप्रिया सुले ने कहा, मुझे हैरानी हुई क्योंकि न्यूज चैनल और अखबार कहते हैं कि लॉरेंस बिश्नोई जेल में है। फिर भी, वह खुद पोस्ट कर रहा है और कह रहा है कि 'मैं इसकी जिम्मेदारी लेता हूं।' यह समझना मुश्किल है कि जेल के अंदर बैठा कोई व्यक्ति इस तरह जिम्मेदारी कैसे ले सकता है। यह बहुत उलझन में डालने वाली बात है। जिस तरह से सबको डराया-धमकाया जा रहा है, उसे देखते हुए हम इस बात की जांच की मांग करेंगे कि जेल के अंदर बैठा कोई व्यक्ति यह सब कैसे कर सकता है।
गुरुवार को मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच इस मामले के सिलसिले में चार और आरोपियों, दो महिलाओं, राधा और बबीता, तथा कुणाल और सुमित, को ट्रांजिट रिमांड पर किला कोर्ट लेकर आई।
इस बीच, पुलिस सूत्रों से पता चला है कि हमले से पहले आरोपियों ने मुंबई के पास एक जगह पर शूटिंग (गोली चलाने) का अभ्यास किया था। बताया जा रहा है कि अंधेरी के अपने होटल के कमरे में हथियार की जांच करते समय एक बार गोली गलती से चल भी गई थी।
खबरों के अनुसार, आरोपी असल में किसी और बॉलीवुड सेलिब्रिटी को निशाना बनाना चाहते थे। हालांकि, रिपोर्ट्स के मुताबिक, जब वे अपने पहले से तय टारगेट तक आसानी से नहीं पहुंच पाए तो उन्होंने टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाने का फैसला किया।
बताया जा रहा है कि टाइगर के प्रशंसकों द्वारा सोशल मीडिया रील्स पर शेयर की गई जानकारी से आरोपियों को पता चला कि उस समय टाइगर के पास पुलिस सुरक्षा नहीं थी। इसी बात को ध्यान में रखते हुए उन्होंने उसे निशाना बनाने का फैसला किया।
शुरुआती पूछताछ में यह भी सामने आया है कि टाइगर पर हमले का मकसद इंडस्ट्री में डर फैलाना था।
18 अक्टूबर की शाम को मुंबई के जुहू इलाके में मोटरसाइकिल सवार तीन लोगों ने टाइगर पर गोलियां चलाईं, लेकिन वह बाल-बाल बच गए। इस हमले में अभिनेता को तो कोई चोट नहीं आई, लेकिन उनका ड्राइवर घायल हो गया।
घटना के कुछ ही घंटों के भीतर सोशल मीडिया पर एक वीडियो क्लिप वायरल होने लगी, जिसमें लॉरेंस बिश्नोई गैंग के अनिल पंडित होने का दावा करने वाले एक व्यक्ति ने गोलीबारी की जिम्मेदारी ली। उसने कहा कि यह अभिनेता के लिए एक चेतावनी थी कि वे सुपरस्टार सलमान खान के साथ काम करना बंद कर दें।
घटना के कुछ ही घंटों के अंदर, राजस्थान के कोटा रेलवे स्टेशन से तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।