महाविकास आघाड़ी (सौ. सोशल मीडिया ) 
मुंबई

MVA को बचाने की कोशिश तेज, पवार दिल्ली में कांग्रेस नेताओं से करेंगे मुलाकात

BMC चुनाव से पहले MVA में मतभेद बढ़े हैं। उद्धव-मनसे गठबंधन और कांग्रेस के अकेले लड़ने के ऐलान से आघाड़ी कमजोर दिख रही है। शरद पवार कांग्रेस नेतृत्व से बातचीत कर नया फॉर्मूला तलाशेंगे।

अपूर्वा नायक

Sharad Pawar News: महानगरपालिका चुनावों की पृष्ठभूमि पर राज्य की राजनीति में नए समीकरणों की शुरुआत देखने की संभावना है। ठाकरे बंधुओं के एक होने के संकेतों के बीच महाविकास आघाड़ी के टूटने की आशंका व्यक्त की जा रही है।

हालांकि अब राकां शरद गुट के अध्यक्ष ने एक महत्वपूर्ण भूमिका अपने हाथ में ली है। पवार ने स्पष्ट कहा कि कार्यकर्ताओं की भावना को ध्यान में रखते हुए मुंबई कांग्रेस की भूमिका पर चर्चा करना आवश्यक है और इसके लिए कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व से बात करनी होगी। इसी कारण वे दिल्ली जाकर कांग्रेस नेताओं से संवाद साधने वाले हैं।

राज ठाकरे को मनसे के साथ शिवसेना (उद्धव गुट) मिलकर मुंबई महानगरपालिका का चुनाव लड़ने की तैयारी में है, वहीं कांग्रेस ने भी अकेले दम पर चुनाव लड़ने की घोषणा की है। लेकिन इस कारण महाविकास आघाड़ी कमजोर पड़ रही है और कांग्रेस को मनाने के लिए शरद पवार कांग्रेस नेतृत्व से चर्चा करने वाले हैं।

शनिवार को कार्यकर्ताओं के साथ चुनाव संबंधी बैठक में उन्होंने इस बारे में संकेत दिए, बैठक में कार्यकर्ताओं ने यह मांग भी रखी कि मुंबई में मनसे को भी महाविकास आघाड़ी में शामिल कर चुनाव लड़ा जाए, लोकसभा और विधानसभा चुनाव महाविकास आघाड़ी ने मिलकर लड़े।

इसमें लोकसभा में आघाड़ी को शानदार सफलता मिली, लेकिन विधानसभा में आघाड़ी का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा। इसी बीच ठाकरे की शिवसेना ने मनसे के साथ गठबंधन करने की घोषणा की है और कांग्रेस ने भी मुंबई में चुनाव अकेले लड़ने की घोषणा की है।

कांग्रेस के इस रुख के कारण महाविकास आघाड़ी में फूट पड़ने का चित्र सामने आया था। इसी पृष्ठभूमि पर मुंबई महानगरपालिका चुनाव के लिए कैसी रणनीति अपनाई जाए, इस पर चर्चा करने के लिए शनिवार को राष्ट्रवादी शरद गुट के नेता और कार्यकर्ताओं की बैठक हुई। बैठक में कार्यकर्ताओं ने यह आग्रहपूर्ण मत रखा कि मुंबई में मनसे को साथ लेकर ही चुनाव लड़ा जाए, इससे महाविकास आघाड़ी और मजबूत होगी।

BJP को पराजित करना मुख्य उद्देश्य: आव्हाड

रांका शरद गुट के राष्ट्रीय प्रवक्ता जितेंद्र आव्हाड ने स्पष्ट किया कि शहर में मनसे का भी अच्छा जनाधार है। वे साथ रहे तो मराठी वोटों का बिखराव टलेगा और बेहतर सफलता मिलेगी। केवल मनसे ही नहीं, बल्कि समाजवादी पार्टी और वामपंथी दलों को भी साथ लेकर गठबंधन बनाकर चुनाव लड़ने पर हम जोर देते हैं। आव्हाड ने कहा कि मविआ की ताकत बढ़ाकर भाजपा को पराजित करना ही पार्टी का मुख्य विचार है।

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