राज ठाकरे ने भाजपा को कहा अजीबोगरीब पार्टी
बीजेपी सत्ता में रहते हुए भी विपक्ष के खिलाफ सड़कों पर उतरता है।
राज ठाकरे ने भाजपा पर गोकुल दूध संघ विवाद को लेकर बोला हमला
राज ठाकरे बोले- बीजेपी समझदारी के सूखे से गुजर रही है।
Raj Thackeray Attack On BJP: महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के प्रमुख राज ठाकरे ने भारतीय जनता पार्टी पर एक बार फिर तीखा हमला बोला है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक आक्रामक पोस्ट साझा करते हुए राज ठाकरे ने बीजेपी के राजनीतिक तौर-तरीकों और उसकी कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी एक बेहद अजीबोगरीब संगठन है, जो जमीनी स्तर से लेकर सत्ता के सर्वोच्च शिखर तक काबिज होने के बावजूद लोकतंत्र बचाने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन आयोजित करती है। शायद दुनिया के इतिहास में यह इकलौता ऐसा मामला है, जहां देश की सत्ताधारी पार्टी ही विपक्ष के खिलाफ सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन करती नजर आती है।
राज ठाकरे ने सोशल मंच एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि भारतीय जनता पार्टी एक अजीबोगरीब संगठन है। जमीनी स्तर से लेकर सत्ता के सर्वोच्च शिखर तक काबिज होने के बावजूद, यह लोकतंत्र बचाने की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन आयोजित करती है। शायद दुनिया में यह इकलौता ऐसा मामला है, जहां सत्ताधारी पार्टी ही विपक्ष के खिलाफ सड़कों पर उतर आती है।
राज ठाकरे ने आगे लिखा अगर भाजपा को सच में लोकतंत्र को बचाए रखने को लेकर चिंतित है, तो गोकुल मामले में उनके कदमों को कैसे समझा जाए? जब सतेज पाटिल के नेतृत्व वाले पैनल ने BJP के पैनल के खिलाफ 13 सीटें जीतीं, तो BJP ने सरकार का इस्तेमाल करते हुए तुरंत पांच अतिरिक्त निदेशक नियुक्त कर दिए और उन्हें वोट देने का अधिकार भी दे दिया। ऐसा करके वे आखिर क्या साबित करना चाहते हैं?
गोकुल दूध संघ में चुने गए सदस्य एक लोकतांत्रिक प्रक्रिया के जरिए, गुप्त मतदान से जीते थे। अगर BJP को सच में लोकतंत्र की परवाह होती, तो वे कभी ऐसे हथकंडे नहीं अपनाते। सिर्फ इसलिए कि वे गोकुल में सत्ता हासिल नहीं कर पाए, उन्होंने अपने सारे उसूल ताक पर रख दिए और फिर भी, उनमें लोकतंत्र बचाने के लिए विरोध प्रदर्शन करने की हिम्मत है।
मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने भाजपा तंज कसते हुए लिखा कि यह वाकई हैरानी की बात है कि महाराष्ट्र इस समय पानी के भीषण सूखे से जूझ रहा है, जबकि भारतीय जनता पार्टी खुद समझदारी के भीषण सूखे से गुजर रही है।
राज ठाकरे कहा कि सत्ता में रहते हुए वे लोकतंत्र बचाने के लिए विरोध प्रदर्शन करते हैं, जबकि असल में वे खुद ही लोकतंत्र का गला घोंट रहे होते हैं। जब उनके कार्यकाल में चरमपंथी हमले होते हैं या कानून-व्यवस्था बिगड़ती है, तो वे देश को आतंकवाद से बचाने के लिए मार्च निकालते हैं। अब जब देश की अर्थव्यवस्था बुरी तरह गिर गई है, तो शायद वे अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए भी विरोध प्रदर्शन करेंगे।
भारतीय जनता पार्टी को इस तरह के हताशा भरे और ओछे खेल खेलना बंद करना चाहिए। विपक्षी दलों ने 12 सालों तक BJP के शासन को झेला है, चाहे उन्होंने सत्ता किसी भी तरीके से हासिल की हो। अब जब देश की जनता का झुकाव विपक्ष की ओर होने लगा है, तो BJP को इसे स्वीकार करना सीखना चाहिए।