मर्डर के बाद रिपोर्ट दर्ज कराते भतीजे की सांकेतिक फोटो (सोर्स: एआई फाेटो)
मुंबई

चाचा की हत्या कर भतीजे ने खुद ही पुलिस के पास दर्ज कराई शिकायत, लेकिन उसकी एक गलती से खुला मर्डर का राज

Mumbai Khar Murder Case: मुंबई के खार में भतीजे ने चाचा की हत्या कर खुद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन बयानों में विरोधाभास और अजीब व्यवहार की गलती से हत्या का राज खुल गया।

गोरक्ष पोफली

Nephew Kills Uncle Murder Case: क्या कोई हत्यारा खुद अपने ही जुर्म की गवाही देने पुलिस थाने पहुंच सकता है? मुंबई के खार इलाके से एक ऐसा ही सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़के ने न सिर्फ अपने ही सगे चाचा की बेरहमी से हत्या कर दी, बल्कि पुलिस को चकमा देने के लिए खुद ही शिकायतकर्ता बन बैठा।

उसने सोचा था कि वह इस शातिराना चाल से पुलिस की आंखों में धूल झोंक देगा और कभी पकड़ा नहीं जाएगा। लेकिन कानून के हाथ आखिरकार उसके गिरेबान तक पहुंच ही गए। खुद को बेकसूर साबित करने की उसकी ही एक बड़ी भूल और अजीब व्यवहार ने इस पूरे हत्याकांड का पर्दाफाश कर दिया।

रिश्तों का कत्ल और अनैतिक संबंधों का खूनी खेल

यह चौंकाने वाली वारदात मुंबई के खार पश्चिम इलाके की है, जहां 17 अगस्त को रोड नंबर 7 पर SBI के ठीक सामने चल रहे एक कंस्ट्रक्शन साइट पर इस खौफनाक घटना को अंजाम दिया गया।

मृतक की पहचान 35 वर्षीय रविशंकर नंदकिशोर गिरी के रूप में हुई है, जो मूल रूप से बिहार के समस्तीपुर के रहने वाले थे और यहां निर्माण मजदूर के रूप में काम करते थे। इसी जगह पर उनका 17 वर्षीय सगा भतीजा विशालकुमार रामलखन गिरी भी काम करता था।

क्या थी मर्डर की वजह?

पुलिस की जांच में जो सच्चाई सामने आई, उसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। दरअसल, चाचा-भतीजे के इस रिश्ते के बीच अनैतिक संबंधों को लेकर गहरा विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते गुस्से में आकर 17 वर्षीय भतीजे ने अपने ही सगे चाचा रविशंकर की हत्या कर दी।

हत्या करने के बाद नाबालिग आरोपी घबराया नहीं, बल्कि उसने बड़ी ही चालाकी से चाचा की लाश को कंस्ट्रक्शन साइट पर ही मौजूद सीमेंट की भारी-भरकम बोरियों के नीचे छिपा दिया ताकि किसी को शक न हो।

सहानुभूति पाने के लिए खुद ही शिकायतकर्ता बन गया आरोपी

इस घटना के अगले दिन, यानी 18 अगस्त को दोपहर करीब 12:30 बजे पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि निर्माण स्थल पर सीमेंट की बोरियों के नीचे एक व्यक्ति बेहोश पड़ा है। सूचना मिलते ही पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और वहां से रविशंकर का शव बरामद किया। इस संबंध में खार पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।

इस बीच, खुद को कानून की नजरों में पाक-साफ दिखाने और पुलिस की सहानुभूति हासिल करने के लिए आरोपी भतीजा विशालकुमार खुद ही पुलिस के पास पहुंच गया। उसने खुद शिकायतकर्ता बनकर पुलिस को गुमराह करने और जांच की दिशा भटकाने की पूरी कोशिश की।

आखिरकार इस एक गलती से खुला राज

भतीजे ने कहानी तो बहुत पक्की बुनी थी, लेकिन वह पुलिस के अनुभवी दिमाग को भांप नहीं सका। जांच के दौरान जब पुलिस ने उससे सामान्य पूछताछ शुरू की, तो उसकी संदिग्ध बॉडी लैंग्वेज, बात करने का अजीब तरीका और उसके बयानों में बार-बार आ रहा विरोधाभास पुलिस की पैनी नजरों से छिप नहीं सका। पुलिस को उसकी हरकतों और बोलने के ढंग पर गहरा शक हो गया।

इसके बाद खार पुलिस ने बिना वक्त गंवाए तकनीकी सबूतों को खंगाला और विशालकुमार से कड़ाई से पूछताछ की। पुलिस की सख्त पूछताछ के आगे आरोपी भतीजे का हौसला टूट गया और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। खार पुलिस स्टेशन में आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 103(1) और 238 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।

UGC जातिगत भेदभाव नियम पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, केंद्र और UGC से मांगा जवाब; 4 हफ्ते बाद सुनवाई

Belonging: A Journey of Love पर राहुल गांधी का भावुक पोस्ट, बोले- मां सोनिया की कहानी लाखों लोगों तक पहुंचेगी

सच का स्वागत जरूर किया जाएगा... सोनिया गांधी की आत्मकथा पर गरमाई सियासत, राम कदम ने किया तीखा वार

JPSC और JSSC परीक्षाएं नहीं होंगी रद्द, हाईकोर्ट ने सोरेन सरकार के फैसले पर लगाई रोक

आज की ताजा खबर 20 अगस्त LIVE: भारी बारिश के बाद दिल्ली-एयरपोर्ट रोड और द्वारका अंडरपास में भरा पानी