Mulund metro crack viral video fact check: मुलुंड मेट्रो हादसे के बाद बड़ी संख्या में मेट्रो पिलर और स्ट्रक्चर में दरार और क्रेक होने के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल किये जा रहे हैं। मेट्रों ने अपने एक्स अकाउंट में ऐसे किसी भी दरार और क्रेक का खंडन किया है।
जानकारी मिलने के बाद स्थानीय नगरसेविका डॉ अर्चना भालेराव ने एमएमआरडीए अधिकारी शिवानी पाटिल, मेट्रो के ठेकेदार, महापालिका अधिकारी रेश्मा चौधरी के साथ विजिट कर मेट्रो का निरीक्षण किया।
मेट्रो ने अपने सोशल साइट एक्स पर पोस्ट करते हुए बताया है कि जो भी इस तरह के फोटो और वीडियो वायरल हो रहे हैं वह पूरी तरह से निराधार हैं। हम उसका खंडन करते हैं। मुलुंड मेट्रो हादसे के बाद सोशल साइटों पर पिलर और आरसीसी में क्रैक की कई वीडियो और फोटो वायरल हो चुके हैं।
पिछले दिनों मुलुंड के विधायक मिहिर कोटेचा ने भी बताया था कि 500 से ज्यादा फोटो और वीडियो आए हुए है, जिसकी जांच की जानी चाहिए। उसके बाद से मेट्रो द्वारा इसकी जांच शुरू कर दी गई। जांच में पाया गया की सभी विडियो और फोटो फर्जी हैं।
पिछले दिनों घाटकोपर आर सिटी के पास मेट्रो स्टेशन के पिलर आरसीसी में दरार और बीम क्रेक होने का वीडियो सोशल साइट पर वायरल हुआ था, जबकि उस स्थान पर ऐसा कोई भी क्रेक नहीं दिखाई दिया, मेट्रो द्वारा निरीक्षण किये जाने के बाद बताया गया कि कहीं-कहीं ओवर प्लास्टर की परत थी वह भी अब नहीं है।
इससे किसी भी प्रकार का खतरा नहीं है। स्थानीय नगरसेविका डॉ अर्चना भालेराव ने भी बताया कि बगल की कल्पतरु सोसायटी के लोगों ने भी क्रेक को लेकर संका जताई थी। जिसके बाद हमने अधिकारियों के साथ विजिट किया, लेकिन कोई क्रेक नहीं मिला। वहां पर एक्स्ट्रा प्लास्टर लगा था।