Dhairysheel Mohite-Patil Interview: संसद के मानसून सत्र के दौरान लगातार हो रहे हंगामे और गतिरोध के बीच महाराष्ट्र की माढा लोकसभा सीट से राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के सांसद धैर्यशील मोहिते-पाटिल ने 'नवभारत लाइव' से खास बातचीत की। राजधानी में दिल्ली में बाचतीत के दौरान उन्होंने संसद की कार्यवाही में आ रही बाधाओं, विपक्षी दलों द्वारा किए जा रहे विरोध प्रदर्शनों, नए शिक्षा मंत्री की नियुक्ति और छात्रों के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर अपनी राय खुलकर रखी।
जवाब- सदन की कार्यवाही बार-बार स्थगित होने और विपक्ष की भूमिका पर उठ रहे सवालों का जवाब देते हुए सांसद मोहिते-पाटिल ने कहा कि लोकतंत्र में संसद चलना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि संविधान ने सभी जनप्रतिनिधियों और सांसदों को अपनी बात रखने का अधिकार दिया है। सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के सांसदों को एक साथ बैठना चाहिए। देश के बच्चों और युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए संसद भवन के भीतर एक स्वस्थ और सकारात्मक संवाद होना चाहिए।
सांसद मोहिते-पाटिल का जवाब- सत्ता पक्ष को विपक्षी सांसदों को फेस करना चाहिए और विपक्षी सांसदों से बात भी करनी चाहिए। इस विषय पर लोकसभा और राज्यसभा दोनों में बातचीत होनी चाहिए। उसमें से हल ही निकल कर आएगा, गलत कुछ नहीं होगा। केंद्र सरकार को इसको फेस करना चाहिए।
यह भी पढ़ें:- 1993 धमाकों के दोषी अबू सलेम की रिहाई पर SC का फैसला सुरक्षित! जानें क्या है पुर्तगाल की 25 साल वाली शर्त
धर्मेंद्र प्रधान के बाद प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय की नई जिम्मेदारी दिए जाने के सवाल पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (SP) के सांसद धैर्यशील मोहिते-पाटिल ने संतुलित रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि अभी इस निर्णय पर कोई भी जल्दबाजी में टिप्पणी करना सही नहीं होगा। प्रह्लाद जोशी ने हाल ही में अपना पदभार संभाला है। अभी उन्होंने काम शुरू भी नहीं किया है। उनके काम करने का तरीका और शिक्षा क्षेत्र में सुधार के लिए उनके द्वारा उठाए जाने वाले कदम ही आगे तय करेंगे कि उनका कार्यकाल कैसा रहता है।