MMRDA Redesigns Eastern Freeway Extension: विकास और पर्यावरण के बीच संतुलन कायम करते हुए मुंबई महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण ने 13.9 किलोमीटर लंबे ईस्टर्न फ्रीवे विस्तार परियोजना के डिजाइन और एलाइनमेंट में महत्वपूर्ण बदलाव कर 949 वृक्षों को नई जिंदगी देने का फैसला किया है। इस बदलाव से मुंबई से समृद्धि महामार्ग तक निर्बाध संपर्क का मार्ग प्रशस्त होने के साथ-साथ मुंबई-ठाणे के बीच यातायात व्यवस्था को भी बड़ी राहत मिलेगी। संशोधित योजना के तहत सैकड़ों पेड़ बेचेंगे, जबकि सीमित संख्या में वृक्षों को ही हटाना पड़ेगा। इससे पर्यावरण संरक्षण और बुनियादी ढांचा विकास दोनों उद्देश्यों को एक साथ साधा जा सकेगा।
MMRDA ने छेडानगर-घाटकोपर-आनंदनगर (ठाणे) ईस्टर्न फ्रीवे विस्तार परियोजना में पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं। परियोजना के एलाइनमेंट और संरचना में तकनीकी संशोधन कर बड़ी संख्या में पेड़ों को बचाने में सफलता हासिल की गई है। परियोजना मार्ग पर कुल 1,655 पेड़ मौजूद हैं। प्रारंभिक योजना के अनुसार बड़ी संख्या में पेड़ों पर असर पड़ने की संभावना थी, लेकिन पर्यावरणीय प्रभाव को न्यूनतम रखने के लिए MMRDA ने परियोजना के एलाइनमेंट और डिजाइन में बदलाव किया।
संशोधित योजना के तहत 949 पेड़ अपने स्थान पर सुरक्षित रहेंगे, जबकि 386 पेड़ों का ट्रांसप्लांटेशन किया जाएगा। इसके परिणामस्वरूप केवल 320 पेड़ों को हटाने की आवश्यकता होगी। पर्यावरण और सौंदर्य की दृष्टि से महत्वपूर्ण माने जाने वाले पिंक ब्लॉसम वृक्षों के संरक्षण के लिए भी विशेष प्रयास किए गए हैं। परियोजना क्षेत्र में ऐसे कुल 178 वृक्ष हैं। इनमें से 127 वृक्ष यथास्थान सुरक्षित रखे जाएंगे और 13 वृक्षों का प्रतिरोपण किया जाएगा। इस तरह इस प्रजाति के केवल 38 वृक्ष ही प्रभावित होंगे।
MMRDA ने विकास और पर्यावरण के बीच संतुलन बनाए रखने के उद्देश्य से परियोजना नियोजन के दौरान विभिन्न विकल्पों का अध्ययन किया। एलाइनमेंट में बदलाव के कारण सैकड़ों पेड़ों का संरक्षण संभव हो सका है। इसके अलावा नियमानुसार बड़े पैमाने पर प्रतिपूरक वृक्षारोपण भी किया जाएगा।
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महाराष्ट्र सरकार करीब 13.9 किलोमीटर लंबी यह ईस्टर्न फ्रीवे विस्तार परियोजना मुंबई और ठाणे के बीच संपर्क को और मजबूत बनाएगी। परियोजना से सड़क क्षमता बढ़ेगी, यातायात जाम में कमी आएगी, यात्रा समय घटेगा और सड़क सुरक्षा में सुधार होगा। पूर्व उपनगर और ठाणे क्षेत्र के लाखों नागरिकों को इसका सीधा लाभ मिलेगा।