महाराष्ट्र में आज गर्मी और उमस का असर, मुंबई-कोंकण में बढ़ेगी परेशानी।
नागपुर में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और AQI 144 दर्ज।
पुणे, विदर्भ, मराठवाड़ा और उत्तर महाराष्ट्र में तेज धूप के आसार।
Maharashtra Weather Update: महाराष्ट्र में गुरुवार, 15 अक्टूबर को मौसम गर्म और उमस भरा रहने की संभावना है। राज्य के अधिकांश हिस्सों में बारिश की गतिविधियां कम होने के बाद अब तेज धूप और बढ़ते तापमान का असर महसूस किया जा रहा है।
मुंबई और कोंकण में उमस लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है, जबकि पुणे और विदर्भ के कई इलाकों में दिन के समय गर्मी अधिक महसूस होने की संभावना है।
मुंबई में आज धुंधली धूप और गर्म मौसम रहने का अनुमान है। समुद्र के नजदीक होने के कारण हवा में नमी अधिक रहने से लोगों को वास्तविक तापमान के मुकाबले ज्यादा गर्मी महसूस हो सकती है। ठाणे, नवी मुंबई और पालघर में भी उमस का असर बना रह सकता है। शाम के समय समुद्री हवाओं से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
नागपुर में 15 अक्टूबर को तापमान 24 डिग्री दर्ज किया गया है। मौसम संबंधी उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यहां अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री के आसपास रहने का अनुमान है। शहर में सुबह 5:54 बजे सूर्योदय और शाम 5:29 बजे सूर्यास्त होगा। हवा में नमी का स्तर 91 प्रतिशत और वायुमंडलीय दबाव 1013 दर्ज किया गया है।
नागपुर शहर की वायु गुणवत्ता भी चिंता का विषय है। यहां वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 144 दर्ज किया गया है। PM2.5 का स्तर 69 और PM10 का स्तर 137 है। ऐसे में संवेदनशील लोगों को बाहर की गतिविधियों के दौरान सावधानी बरतनी चाहिए।
पुणे में बारिश की गतिविधियां कम होने के बाद दिन में तेज धूप और गर्मी का असर बढ़ सकता है। वहीं, नागपुर, अकोला, अमरावती, वर्धा और चंद्रपुर में भी दोपहर के समय तापमान अधिक महसूस होने की संभावना है। खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
छत्रपति संभाजीनगर, जालना, बीड, लातूर और नांदेड़ में मौसम मुख्य रूप से गर्म और शुष्क रह सकता है। नासिक, जलगांव, धुले और अहिल्यानगर में भी तेज धूप का असर महसूस होने की संभावना है। हालांकि, स्थानीय परिस्थितियों के कारण जिलों के मौसम में अंतर हो सकता है।
लोगों को दोपहर में अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचना चाहिए। पर्याप्त पानी पिएं, हल्के कपड़े पहनें और बच्चों तथा बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें। वायु गुणवत्ता के प्रति संवेदनशील लोगों को जरूरत के अनुसार अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।