महाराष्ट्र में समुद्री क्षेत्र के लिए ₹76 हजार करोड़ के निवेश समझौते।
मुंबई वाटर मेट्रो को विश्वस्तरीय जल परिवहन प्रणाली बनाने की तैयारी।
बंदरगाह और शिपिंग क्षेत्र के विस्तार से लाखों रोजगार के अवसर।
Maharashtra Maritime Sector Nitesh Rane: महाराष्ट्र के बंदरगाह और समुद्री क्षेत्र के विकास को नई रफ्तार देते हुए अब तक 76 हजार करोड़ रुपए के निवेश समझौते किए जा चुके हैं। राज्य के मत्स्य व्यवसाय व बंदरगाह मंत्री नितेश राणे ने वैश्विक निवेशकों को आमंत्रित करते हुए कहा है कि महाराष्ट्र में बंदरगाह, जहाज निर्माण, जहाज मरम्मत, शिपिंग और लॉजिस्टिक्स के क्षेत्र में असीम संभावनाएं मौजूद हैं।
वे गोरेगांव स्थित नेस्को परिसर में आयोजित चौथे मैरीटाइम इंडिया कॉन्फ्रेंस एंड एक्सपो के उद्घाटन अवसर पर बोल रहे थे। फेडरेशन ऑफ इंडियन चेंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीच्या (फिक्की) द्वारा दो से चार नवंबर तक आयोजित इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में नीदरलैंड, डेनमार्क, फ्रांस, जर्मनी, इटली, जापान, स्वीडन, स्विट्जरलैंड और संयुक्त अरब अमीरात सहित नौ प्रमुख देश हिस्सा ले रहे हैं।
निवेश के लिए मजबूत माहौल मंत्री नितेश राणे ने स्पष्ट किया कि महाराष्ट्र का लंबा समुद्री तट, प्राकृतिक बंदरगाह, मजबूत औद्योगिक ढांचा और निर्यात के अनुकूल तंत्र इसे अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार
का मुख्य केंद्र बनाने में पूरी तरह सक्षम हैं। उन्होंने कहा कि सरकार बुनियादी ढांचे के तेजी से विकास और निवेशकों की सुविधा के लिए सिंगल विंडो क्लीयरेंस प्रणाली पर विशेष ध्यान दे रही है।
नितेश राणे ने कहा कि राज्य के जल परिवहन को विश्व स्तरीय स्वरूप देने के लिए मुंबई वाटर मेट्रो परियोजना पर तेजी से काम किया जा रहा है।
यह व्यवस्था आगे चलकर दुनिया की सबसे बड़ी जल परिवहन प्रणाली बनेगी। इससे बंदरगाहों की कार्यक्षमता बढ़ेगी, लॉजिस्टिक्स नेटवर्क मजबूत होगा और राज्य के कुल निर्यात को भारी प्रोत्साहन मिलेगा।
समुद्री उद्योग के इस बड़े विस्तार से राज्य भर में लाखों नए रोजगार अवसर पैदा होंगे। भारत की समुद्री शक्ति बढ़ाने के राष्ट्रीय लक्ष्य में महाराष्ट्र का योगदान सबसे अहम रहेगा।
इस अवसर पर फिक्की के अध्यक्ष विजय शंकर, फिक्की की शिपिंग समिति के अध्यक्ष ध्रुव कोटक, नीदरलैंड के उप वाणिज्यदूत थियरी वैन हेल्डन, भारतीय समुद्री प्रशासन के अतिरिक्त महानिदेशक कैप्टन अबुल कलाम आजाद, शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के सीएमडी कैप्टन बिनेश त्यागी, जेएनपीए के अध्यक्ष गौरव दयाल, ओडिशा के प्रधान सचिव एनबीएस राजपूत और महाराष्ट्र मेरीटाइम बोर्ड के सीईओ प्रदीप पी उपस्थित थे।