Maharashtra Legislative Council Monsoon: महाराष्ट्र विधान परिषद ने बुधवार को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) में एक संशोधन को मंजूरी दी, जिसके तहत 'निवारक कार्रवाई' के तौर पर किसी व्यक्ति को पुलिस हिरासत में रखने की अवधि 24 घंटे से बढ़ाकर 15 से 30 दिन कर दी गई है। इस बीच विपक्ष ने इसका विरोध करते हुए सदन से बहिर्गमन किया। सदन ने एक अन्य संशोधन भी पारित किया, जिसके तहत बीएनएसएस की धारा 482 में बदलाव करते हुए अग्रिम जमानत या गिरफ्तारी पूर्व जमानत मांगने वाले व्यक्ति के लिए अदालत के समक्ष उपस्थित होना अनिवार्य कर दिया गया है।
जहां विपक्षी सदस्यों ने कहा कि इन संशोधनों का दुरुपयोग किया जा सकता है और मांग की कि विधेयक को प्रवर समिति के पास भेजा जाए, तो वहीं सत्तापक्ष के कुछ सदस्यों ने भी चिंताएं व्यक्त कीं। गृह राज्य मंत्री योगेश कदम ने विधेयक पेश किया। इसे अभी विधानसभा से पारित किया जाना बाकी है।
महाराष्ट्र विधान परिषद ने एक विधेयक पारित किया, जिसके तहत ऑर्केस्ट्रा और 'लाइव' संगीत कार्यक्रमों के लाइसेंस को अश्लील नृत्य निषेध अधिनियम के दायरे में लाया जाएगा और अधिक कड़े दंड का प्रावधान किया जायेगा। सरकार ने कहा कि यह विधेयक ऑर्केस्ट्रा लाइसेंसों के दुरुपयोग को रोकने के उद्देश्य से लाया गया है, ताकि बार और होटलों में अश्लील नृत्य कार्यक्रमों का आयोजन न किया जा सके। यह विधेयक गृह विभाग में राज्य मंत्री पंकज भोयर द्वारा सदन में पेश किया गया।
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विधेयक पेश करते हुए गृह राज्य मंत्री योगेश कदम ने कहा कि संशोधन कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से लाया गया है। वहीं कांग्रेस के सदस्य सतेज पाटिल ने आरोप लगाया कि सरकार यह विधेयक जल्दबाजी में लेकर आई है और इसके प्रावधानों का पुलिस थानों में दुरुपयोग हो सकता है। विपक्ष ने मांग की कि विधेयक को प्रवर समिति के पास भेजा जाए। सत्तापक्ष के कुछ सदस्यों ने भी कुछ प्रावधानों पर चिंता जताई।
महाराष्ट्र सरकार ने घोषणा की कि केवल वास्तविक किसानों को ही कृषि भूमि खरीदने की अनुमति दी जाएगी और यह सुनिश्चित करने के लिए एक सख्त सत्यापन प्रणाली लागू की जाएगी कि किसान होने का झूठा दावा करने वाले धोखेबाज ऐसी भूमि का अधिग्रहण न कर सकें।