मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (सेार्स: सोशल मीडिया) 
मुंबई

महाराष्ट्र में गैस संकट पर सियासी कन्फ्यूजन, फडणवीस बोले हालात सामान्य, भुजबल ने जताई चिंता

Devendra Fadnavis Statement Gas Issue: महाराष्ट्र में गैस संकट को लेकर सरकार के भीतर अलग-अलग बयान सामने आए हैं। जहां सीएम ने हालात सामान्य बताए, वहीं मंत्री ने 3 महीने के LPG Stock की चेतावनी दी है।

अपूर्वा नायक

Maharashtra LPG Gas Crisis: महाराष्ट्र में गैस संकट को लेकर सरकार में कन्फ्यूजन की स्थिति दिखाई दे रही है। सीएम देवेंद्र फडणवीस दावा कर रहे हैं कि राज्य में ऊर्जा संकट से निपटने के लिए पर्याप्त भंडार है।

उन्होंने कहा कि सरकार बड़े स्तर पर पाइप गैस (पीएनजी) लोगों तक पहुंचाने का काम कर रही है। सरकार ने एक आदेश जारी कर महाराष्ट्र की सभी महानगरपालिकाओं को गैस पाइपलाइन के काम में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।

सीएम ने कहा कि अगर शहरों में पीएनजी उपलब्ध हो जाती है तो लोगों की एलपीजी पर निर्भरता कम हो जाएगी। इससे वर्तमान गैस संकट से निपटने में बड़ी राहत मिलेगी।

हमारा देश बेहतर स्थिति में

सीएम फडणवीस ने पीएम नरेंद्र मोदी के साथ हुई बैठक को काफी सार्थक बताया। उन्होंने कहा कि गैस संकट की वजह से पड़ोसी देशों में हालात बदतर हैं लेकिन पीएम मोदी के कुशल नेतृत्व की वजह से हमारा देश बेहतर स्थिति में है। राज्य में एलपीजी की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। कमर्शियल एलपीजी की लगभग 70 प्रतिशत सप्लाई को बनाए रखने का काम किया गया है।

अफवाह फैलाई तो कड़ी कार्रवाई

फडणवीस ने एक बार फिर दोहराया कि हालात सामान्य हैं लेकिन अगर कोई किसी तरह की अफवाह फैलाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कारवाई की जाएगी। राज्य में भी कुछ लोग लॉकडाउन को लेकर अफवाह फैला रहे हैं, जो पूरी तरह गलत है। ऐसी अफवाहों पर लोगों को विश्वास नहीं करना चाहिए। दूसरी ओर राज्य के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल ने यह कह कर सबको डरा दिया है कि देश में सिर्फ 3 महीने का एलपीजी स्टॉक है। अगर हालात नहीं सुधरे तो तीन महीने बाद एलपीजी की सप्लाई ठप पड़ सकती है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के एक पत्र में संकेत दिए गए हैं कि अगले 3 महीनों में एलपीजी की सप्लाई बंद हो सकती है। वे शनिवार को दिल्ली में हुई केंद्र सरकार की बैठक के बाद बातचीत कर रहे थे।

OC देने से पहले PNG कनेक्शन अनिवार्य

भुजबल ने बताया कि मौजूदा हालात से निपटने के लिए पाइप नेचुरल गैस (पीएनजी) का ज्यादा से ज्यादा उपयोग जरूरी है। पीएनजी गैस सस्ती और सुविधाजनक है। इसलिए सभी नगर पालिकाओं को पीएनजी कनेक्शन बढ़ाने चाहिए। भुजबल ने नई इमारतों को ओसी (ऑक्युपेसी सर्टिफिकेट) देने से पहले पीएनजी कनेक्शन अनिवार्य किए जाने का ऐलान किया है।

ऑटो अप्रूवल सिस्टम होगा लागू

भुजबल ने बताया कि महाराष्ट्र सरकार पीएनजी के नेटवर्क के बड़े विस्तार की तैयारी में है। अब गैस पाइपलाइन बिछाने के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे। एक ऑटो-अप्रूवल' सिस्टम लागू किया जाएगा, जिसमें 24 घंटे के भीतर इसकी अनुमति मिल जाएगी। एलपीजी आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं पर चर्चा के लिए दिल्ली में आयोजित बैठक में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर, हरदीप पुरी और प्रहलाद जोशी सहित सभी राज्यों के मंत्री और अधिकारी शामिल हुए। उधर, गैस की कमी से निपटने के लिए राज्य सरकार ने केरोसिन के उपयोग को बढ़ाने का भी फैसला लिया है।

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