महाराष्ट्र एटीएस  सोर्स- सोशल मीडिया
मुंबई

महाराष्ट्र ATS की बड़ी कार्रवाई: देश विरोधी टेलीग्राम ग्रुप का भंडाफोड़, पालघर से 5 संदिग्ध हिरासत में

Maharashtra ATS Action: महाराष्ट्र एटीएस ने सोशल मीडिया पर भड़काऊ और देश-विरोधी सामग्री फैलाने वाले टेलीग्राम ग्रुप का भंडाफोड़ किया है। मुंब्रा, पड़घा और पालघर से 5 संदिग्धों को हिरासत में लिया।

रूपम सिंह

Maharashtra ATS Telegram Group Bust: सोशल मीडिया पर कथित तौर पर देश-विरोधी, आपत्तिजनक और भड़काऊ सामग्री साझा किए जाने के मामले में महाराष्ट्र आतंकवाद निरोधक दस्ते (एटीएस) ने बड़ी कार्रवाई की है। एटीएस की अलग-अलग टीमों ने ठाणे जिले के मुंब्रा और पड़घा के साथ-साथ पालघर के संवेदनशील इलाकों में छापेमारी कर पांच संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया है। सभी के मोबाइल फोन जब्त कर जांच शुरू कर दी गई है।

तीन इलाकों में ATS की छापेमारी

एटीएस की टीमों ने मुंब्रा, पड़घा और पालघर में संदिग्ध गतिविधियों को लेकर कार्रवाई की। अधिकारियों ने हिरासत में लिए गए युवकों के मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिए हैं। इन उपकरणों की जांच के जरिए कथित सोशल मीडिया गतिविधियों और आपसी संपर्कों से जुड़ी जानकारी जुटाई जा रही है।

टेलीग्राम ग्रुप में 2022 से जुड़े होने का दावा

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हिरासत में लिए गए पांचों युवक वर्ष 2022 से टेलीग्राम पर बनाए गए एक ग्रुप से जुड़े हुए थे। आरोप है कि इस ग्रुप के जरिए लगातार देश-विरोधी और भड़काऊ विचार साझा किए जा रहे थे।

जम्मू-कश्मीर के व्यक्ति पर ग्रुप चलाने का संदेह

जांच एजेंसी के अनुसार, शुरुआती पड़ताल में यह जानकारी सामने आई है कि कथित टेलीग्राम ग्रुप को जम्मू-कश्मीर का रहने वाला एक व्यक्ति संचालित कर रहा था। एटीएस अब ग्रुप के संचालन, सदस्यों की भूमिका और उनके बीच हुई बातचीत से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है।

भड़काऊ पोस्ट के बाद सक्रिय हुईं जांच एजेंसियां

बताया जा रहा है कि सोशल मीडिया पर भारत में रहने को लेकर कथित तौर पर आपत्तिजनक और भड़काऊ टिप्पणी वाली पोस्ट सामने आने के बाद जांच एजेंसियां सक्रिय हुईं। इसके बाद संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधियों की निगरानी बढ़ाई गई और एटीएस ने संबंधित इलाकों में कार्रवाई की।

मोबाइल फोन की जांच से खुल सकते हैं और राज

एटीएस ने हिरासत में लिए गए सभी संदिग्धों के मोबाइल फोन जब्त कर लिए हैं। इन उपकरणों से टेलीग्राम ग्रुप की गतिविधियों, संदेशों, संपर्कों और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है। एजेंसी यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि ग्रुप में कितने लोग सक्रिय थे और कथित आपत्तिजनक सामग्री साझा करने में किसकी क्या भूमिका थी। मामले में आगे की जांच जारी है।

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