इंडिया रियल एस्टेट ग्रोथ (सौ. सोशल मीडिया )
India Real Estate Growth MMR Property: वैश्विक आर्थिक मंदी के बावजूद भारत का रियल एस्टेट क्षेत्र अब अधिक मजबूत और परिपक्व विकास के दौर में प्रवेश कर रहा है।
इंफ्रास्ट्रक्चर विकास, नियमों की पारदर्शिता और निवेशकों की बदलती प्राथमिकताओं के कारण यह क्षेत्र तेजी से आगे बढ़ रहा है। यह कहना है,CREDAI-MCHI के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट जितेंद्र मेहता का।
क्रेडाई एमसीएचआई के उपाध्यक्ष एवं एमएमआर के जाने माने डेवलपर जितेंद्र मेहता ने कहा कि मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन (MMR), जो हर वर्ष लगभग 2.5 लाख करोड़ रुपए के आवासीय बिक्री मूल्य के साथ भारत के करीब 40% रिहायशी बाजार का प्रतिनिधित्व करता है।
इंफ्रा प्रोजेक्ट्स ने बदली तस्वीर
- यह प्रगति स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि रियल एस्टेट अब केवल आवासीय जरूरतों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह देश की आर्थिक वृद्धि और दीर्घकालीन संपत्ति निर्माण का एक महत्वपूर्ण आधार बन चुका है।
- मेट्रो विस्तार, कोस्टल कनेक्टिविटी और नए बिजनेस डिस्ट्रिक्ट जैसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स कई नए माइक्रो मार्केट्स में निवेश के अवसर पैदा कर रहे हैं। वैश्विक बाजार में अस्थिरता एवं भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के बीच, रियल एस्टेट को अब भी एक स्थिर और सुरक्षित निवेश के रूप में देखा जा रहा है।
- अत्यधिक उतार-चढ़ाव वाले वित्तीय साधनों की तुलना में, गुणवत्तापूर्ण रियल एस्टेट वास्तविक मूल्य, व्यावहारिक उपयोगिता, किराये से आय और दीर्घकालीन मूल्यवृद्धि जैसी विशेषताएँ प्रदान करता है। मुंबई जैसे शहरों में, जहाँ शहरीकरण लगातार बढ़ रहा है और जमीन सीमित है।
- जितेंद्र मेहता ने कहा कि विदेशी मुद्रा भंडार को सुरक्षित रखने, मुद्रा पर दबाव कम करने और आयात-आधारित निवेश पर निर्भरता घटाने के लिए अब यह माना जा रहा है कि भारत के भीतर किया गया निवेश दीर्घकाल में अधिक फायदेमंद है।
बदल रही निवेशकों की सोच
- हाल के व्यापक आर्थिक विकासों ने वैश्विक अनिश्चितता के समय घरेलू निवेश को अधिक प्राथमिकता देने की आवश्यकता महसूस की गई है।
- भारतीय रियल एस्टेट में किया गया निवेश सीधे देश की आर्थिक गतिविधियों को गति देता है। इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को बढ़ावा देता है, रोजगार के अवसर पैदा करता है,इससे अनेक सहायक उद्योगों को भी फायदा होता है।
- जितेंद्र मेहता ने कहा कि कृषि के बाद सबसे ज्यादा रोजगार देने वाला रियल इस्टेट सेक्टर एवं उससे जुड़े उद्योग हैं। इसलिए निवेशकों की सोच भी बदल रही है। अब केवल तेजी से लाभ कमाने की बजाय स्थिरता, पारदर्शिता और दीर्घकालीन मूल्य को अधिक महत्व दिया जा रहा है।
- मजबूत होता किराया बाजार भी रियल एस्टेट की निवेश क्षमता को और आकर्षक बना रहा है। मेहता के अनुसार पहली बार घर खरीदने वाले लोगों और युवाओं के लिए यह एक सुनहरा अवसर है। बढ़ता शहरी प्रवास, रिप्लेसमेंट डिमांड और बदलती जीवनशैली के कारण प्रमुख शहरी क्षेत्रों में किराये की मांग लगातार बढ़ रही है। इससे रियल एस्टेट केवल मूल्यवृद्धि वाला निवेश नहीं, बल्कि स्थायी आय का भरोसेमंद माध्यम भी बनता जा रहा है।
मुंबई से नवभारत लाइव के लिए सूर्यप्रकाश मिश्र की रिपोर्ट