Mumbai Blood Donation Camp Gift Controversy: मुंबई के एक रक्तदान शिविर में 'गिफ्ट' के खेल का खुलासा हुआ है। एफडीए की जांच में रक्तदाताओं को खून के बदले ब्रांडेड घड़ियां दिए जाने की पुष्टि हुई, जबकि आयोजकों ने पहले किसी भी उपहार के वितरण से इनकार किया था।
जांच में दावा गलत पाए जाने के बाद एफडीए ने मामले को आवश्यक कार्रवाई के लिए राज्य रक्त आधान परिषद को भेज दिया है।
9 अप्रैल को यंग स्टार कमेटी ने सर जेजे अस्पताल और रेड क्रॉस, नायर अस्पताल से जुड़े एक ब्लड बैंक के सहयोग से शिविर आयोजित किया था। दक्षिण मुंबई के तेरापंथ युवक परिषद द्वारा आयोजित इस मेगा रक्तदान अभियान के प्रचार में उपहार का उल्लेख किया गया था।
बाद में आयोजकों ने एफडीए को दिए लिखित जवाब में किसी भी उपहार या पुरस्कार के वितरण से इनकार किया था। बैनर से भी उपहार का उल्लेख हटाने की तस्वीरें पेश की गई थीं। 18 अप्रैल को आपले सरकार पोर्टल पर मिली शिकायत के आधार पर एफडीए ने दोबारा जांच शुरू की।
अधिकारियों ने शिविर में शामिल रक्तदाताओं से संपर्क किया, जिन्होंने रक्तदान के बाद ब्रांडेड घड़िया मिलने की पुष्टि की। इससे आयोजकों के पूर्व दावे पर सवाल खड़े हो गए। एफडीए ने राष्ट्रीय रक्त आधान परिषद के दिशानिर्देशों का हवाला देते हुए कहा कि स्वैच्छिक रक्तदान के लिए उपहार या प्रलोभन देना अनुचित है।
एसबीटीसी पहले भी रक्तदाताओं को हेडफोन और स्मार्टवॉच जैसे महंगे उपहार देने पर चिंता जता चुका है। ऐसे प्रलोभन औषधी व सौंदर्य प्रसाधन नियम, 1945 के प्रावधानों का उल्लंघन माने जा सकते हैं। एफडीए ने एसबीटीसी से संबंधित आयोजकों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने को कहा है।