Disha Salian Father Notice To Aaditya Thackeray: दिशा सालियान मामले में एक नया और नाटकीय मोड़ सामने आया है, जिसने महाराष्ट्र की राजनीति और कानूनी गलियारों में हलचल तेज कर दी है। दिशा सालियान के पिता सतीश सालियान अब खुद वकीलों की टीम के साथ शिवसेना ठाकरे गुट नेता आदित्य ठाकरे के निवास स्थान पर जाकर नोटिस देने की तैयारी में हैं।
इस पूरे घटनाक्रम को लेकर एडवोकेट निलेश ओझा के बयान के आधार पर कई बड़े और सनसनीखेज खुलासे हुए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि आगामी शनिवार के दिन सतीश सालियान वकीलों की विशेष टीम के साथ आदित्य ठाकरे के घर पहुंचेंगे और अपने हाथों से यह नया नोटिस थमाएंगे।
एडवोकेट निलेश ओझा ने अपने बयान में दावा किया कि उद्धव ठाकरे गुट की प्रवक्ता सुषमा अंधारे की ओर से पहले उन्हें धमकियां दी गई थीं। ओझा के अनुसार, प्रवक्ता ने कहा था कि अगर आदित्य ठाकरे पर कोई आरोप लगाए गए, तो वे वकीलों को अदालत में प्रैक्टिस नहीं करने देंगे।
इस पर करारा जवाब देते हुए एडवोकेट ओझा ने कहा कि वे और उनकी टीम हर दिन अदालत में प्रैक्टिस कर रहे हैं और ऐसी धमकियों से कोई फर्क नहीं पड़ता। उन्होंने कहा कि इन धमकियों का जवाब देने के लिए ही आदित्य ठाकरे के घर जाने का फैसला किया गया है। वे संविधान की कॉपी लेकर उनके घर जाएंगे और यह दिखाएंगे कि देश का आम नागरिक कानून और संविधान की ताकत से चलता है, किसी के गुंडों से डरने वाला नहीं है।
एडवोकेट ओझा ने आदित्य ठाकरे द्वारा सोशल मीडिया पर किए गए उस पोस्ट पर भी कड़े सवाल खड़े किए, जिसमें उन्होंने खुद को निर्दोष बताते हुए इस मामले से कोई लेना-देना न होने का दावा किया था। ओझा ने सवाल उठाया कि एक तरफ लोगों से मीडिया में चर्चा न करने की अपील की जा रही है, तो दूसरी तरफ खुद सोशल मीडिया पर बयानबाजी क्यों की जा रही है?
उन्होंने सवाल दागते हुए कहा कि नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के सर्विलांस, जांच में सामने आए ड्रग्स संबंधी दावों और मोबाइल फोन टावर लोकेशन को लेकर आदित्य ठाकरे के पास क्या जवाब है? उन्होंने कहा कि एक पिता न्याय मांग रहा है और उनके पास सबूत मौजूद हैं।
जनसमर्थन का हवाला देते हुए एडवोकेट निलेश ओझा ने दावा किया कि लगभग 1 लाख लोगों ने अपने आधार कार्ड के साथ इस न्याय की लड़ाई और आंदोलन में शामिल होने की सहमति दी है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उन्हें मैनपावर का प्रदर्शन करना पड़ा, तो कॉकरोच जनता पार्टी द्वारा किए गए आंदोलन से भी 10 गुना बड़ा और विशाल प्रदर्शन किया जा सकता है।
हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वे फिलहाल लोगों को वहां आने से रोक रहे हैं और सिर्फ पुलिस प्रशासन को सूचित कर रहे हैं ताकि उस दिन उचित कानून-व्यवस्था बनी रहे।
आदित्य ठाकरे के घर नोटिस देने जाने वाले प्रतिनिधिमंडल की जानकारी देते हुए ओझा ने बताया कि उस दिन केवल सिलेक्टेड लोग ही सतीश सालियान के साथ जाएंगे।
इस टीम में 'सुप्रीम कोर्ट एंड हाई कोर्ट लिटिगेंट एसोसिएशन' के अध्यक्ष रशीद खान पठान का समूह, जेन जी लॉयर्स एसोसिएशन, इंडियन लॉयर्स एंड ह्यूमन राइट एक्टिविस्ट एसोसिएशन तथा इंडियन बार एसोसिएशन के प्रतिनिधि शामिल होंगे। ये सभी प्रतिनिधि सतीश सालियान के साथ जाकर स्वयं आदित्य ठाकरे को नोटिस की हैंड डिलीवरी करेंगे।