डी. वाई. पाटिल यूनिवर्सिटी के चेयरमैन ने की एकनाथ शिंदे से मुलाकात (सौ. सोशल मीडिया )
BKC Social Infrastructure Project: बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स में वर्ल्ड-क्लास सोशल इंफ्रास्ट्रक्चर क्लस्टर बनाने हेतु देश के जाने माने संस्थान रुचि दिखा रहे हैं।
मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन डेवलपमेंट अथॉरिटी (MMRDA) ने हेल्थ और एजुकेशन सेक्टर के अग्रणी संस्थानों को अवॉर्ड लेटर देकर, देश के बड़े इकोनॉमिक हब में से एक BKC में सोशल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम उठाया है।
BKC में वर्ल्ड-क्लास हेल्थ और एजुकेशन सुविधाएं उपलब्ध कराने जुपिटर लाइफ लाइन एवं डीवाय पाटिल एजुकेशन ने 580 करोड़ से ज़्यादा के इन्वेस्टमेंट हुए हैं। डिप्टी चीफ मिनिस्टर और एमएमआरडीए के चेयरमैन एकनाथ शिंदे, कमिश्नर डॉ. संजय मुखर्जी, प्रिंसिपल सेक्रेटरी नवीन सोना, एडिशनल चीफ सेक्रेटरी असीम गुप्ता की मौजूदगी में जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स के चेयरमैन एंड एमडी अजय ठक्कर और डी. वाई. पाटिल यूनिवर्सिटी के चेयरमैन एंड एमडी डॉ. विजय पाटिल को एलॉटमेंट लेटर सौंपा गया ।
जुपिटर लाइफ लाइन का 354 करोड़ का निवेश
- जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स ने वर्ल्ड क्लास मल्टी-स्पेशलिटी हॉस्पिटल बनाने के लिए BKC में “G-टेक्स्ट ब्लॉक” में SF-5 प्लॉट (सोशल फैसिलिटीज– हॉस्पिटल) का टेंडर जीता। लगभग 10,026.44 sq.m. एरिया और 20,052.88 sq.m. की कंस्ट्रक्शन कैपेसिटी वाला यह प्लॉट 1,76,533.25 प्रति sq.m. की कीमत पर ऑफर किया गया है। इस रेट पर लगभग 354 करोड़ की कुल बिड स्वीकार की गई है। जुपिटर यहां स्टेट-ऑफ़-द-आर्ट, मल्टी-स्पेशलिटी वर्ल्ड-क्लास हॉस्पिटल बनाया जाएगा।
- इसी तरह डी. वाई. पाटिल एजुकेशन ग्रुप को मॉडर्न एजुकेशनल सेंटर बनाने के लिए “G-टेक्स्ट ब्लॉक” में प्लॉट SF-6 दिया गया है। लगभग 5,117.85 sq.m. एरिया और 10,235.70 sq.m. की कंस्ट्रक्शन कैपेसिटी वाले इस प्लॉट के लिए लगभग 2,19,819 प्रति sq.m. के लिए लगभग 225 कऱोड़ की बिड स्वीकार की गई है।
ट्रांसपेरेंट टेंडर प्रोसेस से सस्टेनेबल डेवलपमेंट
- MMRDA द्वारा लागू किए गए ट्रांसपेरेंट ई-टेंडर प्रोसेस के ज़रिए एलिजिबल और सबसे ज़्यादा बोली लगाने वालों को चुना गया है। इस पहल से पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप के ज़रिए शहर के सोशल इंफ्रास्ट्रक्चर में क्वालिटेटिव ग्रोथ लाने की कोशिश की जा रही है।
- डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा, कि “बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) न सिर्फ़ देश का लीडिंग फ़ाइनेंशियल हब है, बल्कि अब यह एक होलिस्टिक अर्बन हब बन रहा है जो इकोनॉमिक प्रोग्रेस और हाई स्टैंडर्ड ऑफ़ लिविंग के बीच बैलेंस बनाता है। वर्ल्ड-क्लास हेल्थकेयर और एजुकेशनल फ़ैसिलिटीज़ BKC को ज़्यादा इनक्लूसिव, सिटिज़न-सेंट्रिक और फ़्यूचर-ओरिएंटेड बनाएंगी।
- एमएमआरडीए कमिश्नर डॉ. संजय मुखर्जी ने कहा, “MMRDA में, हम सिर्फ़ अलग-अलग इंफ़्रास्ट्रक्चर बनाने पर नहीं, बल्कि एक इंटीग्रेटेड और कम्प्लीट अर्बन इकोसिस्टम बनाने पर फ़ोकस कर रहे हैं। प्लॉट्स का यह अलॉटमेंट वर्ल्ड-क्लास हेल्थकेयर और एजुकेशनल फ़ैसिलिटीज़ के साथ BKC में इकोनॉमिक ग्रोथ के लिए ज़रूरी बैलेंस और सपोर्ट देगा।
मुंबई से नवभारत लाइव के लिए सूर्यप्रकाश मिश्र की रिपोर्ट