जलगांव में रिश्वतखोर अधिकारी के पास ₹5.16 करोड़ की संपत्ति मिली।
घर और लॉकर से 2,524 ग्राम सोना और 11,633 ग्राम चांदी बरामद।
अधिकारी 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार हुआ था।
Maharashtra Corruption Case: महाराष्ट्र के जलगांव में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की कार्रवाई में जिला परिषद के एक अधिकारी की करोड़ों रुपये की संपत्ति का खुलासा हुआ है। रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ पकड़े गए जिला परिषद के निर्माण विभाग के उपविभागीय अधिकारी सतीश मन्सुलाल शिसोदे के घर और बैंक लॉकर की तलाशी में कुल 5 करोड़ 16 लाख 88 हजार 389 रुपये की संपत्ति मिली है। बरामद संपत्ति में सोना, चांदी और प्लैटिनम के आभूषण भी शामिल हैं।
एसीबी ने 2 नवंबर को सतीश मन्सुलाल शिसोदे को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया था। इस कार्रवाई के बाद जांच एजेंसी ने उनकी आय और संपत्ति की पड़ताल शुरू की। इसी सिलसिले में उनके आवास और बैंक लॉकर की तलाशी ली गई। जांच के दौरान सामने आई संपत्ति का कुल मूल्य 5.16 करोड़ रुपये से अधिक बताया गया है।
तलाशी के दौरान अधिकारी के पास बड़ी मात्रा में कीमती धातुओं और आभूषणों का पता चला। एसीबी को कुल 2,524 ग्राम सोना, 11,633 ग्राम चांदी और प्लैटिनम के आभूषण मिले हैं। इन कीमती वस्तुओं की मौजूदगी ने जांच के दौरान अधिकारी की संपत्ति को लेकर कई सवाल खड़े किए हैं।
जलगांव शहर के आदर्शनगर इलाके में अधिकारी के दो मकान भी मिले हैं। इनमें से एक मकान की कीमत 45 लाख रुपये, जबकि दूसरे की कीमत 65 लाख रुपये आंकी गई है। इस तरह दोनों आवासीय संपत्तियों का कुल मूल्य 1 करोड़ 10 लाख रुपये बताया गया है।
महाराष्ट्र एसीबी की तलाशी में अधिकारी के घर से 7 लाख 97 हजार 920 रुपये नकद मिले। इसके अलावा 24 लाख 39 रुपये मूल्य की अन्य वस्तुएं भी बरामद की गईं। मकानों, नकदी और अन्य सामान समेत घर की तलाशी में मिली संपत्ति का कुल मूल्य 1 करोड़ 41 लाख 97 हजार 959 रुपये आंका गया है।
एसीबी की जांच में सामने आई कुल संपत्ति 5 करोड़ 16 लाख 88 हजार 389 रुपये है। अब जांच एजेंसी अधिकारी की संपत्ति और आय के स्रोतों से जुड़े पहलुओं की पड़ताल कर रही है।