Devendra Fadnavis Marathwada Visit: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के हालिया मराठवाड़ा दौरे को लेकर विधान परिषद सदस्य अंबादास दानवे ने उन पर तीखा निशाना साधा है। दानवे ने मुख्यमंत्री के दौरे की तुलना ‘मेरी आवाज सुनो’ फिल्म से करते हुए आरोप लगाया कि इस दौरे में किसानों की समस्याएं सुनने के बजाय सरकार अपनी ही बात कहती नजर आई।
दानवे ने सोशल मीडिया पर जारी संदेश में कहा कि मुख्यमंत्री ने मराठवाड़ा के सूखा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर किसानों से मुलाकात की और स्थिति का जायजा लिया।
लेकिन किसानों की वास्तविक समस्याओं और उनकी मांगों पर तत्काल निर्णय लेने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि सूखे की मार झेल रहे किसानों को राहत देने के लिए बिना किसी शर्त के ठोस सहायता उपलब्ध कराई जानी चाहिए।
विधान परिषद सदस्य अंबादास दानवे ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के मराठवाड़ा दौरे को लेकर सवाल उठाते हुए किसानों की समस्याओं पर तत्काल कदम उठाने की मांग की। दानवे के अनुसार, क्षेत्र में कम बारिश के कारण फसलों को नुकसान पहुंचा है और किसान आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि प्रभावित किसानों को बिना शर्त ठोस सहायता उपलब्ध कराई जानी चाहिए। दानवे ने मुख्यमंत्री के दौरे पर टिप्पणी करते हुए आरोप लगाया कि किसानों की समस्याएं सुनने के बजाय सरकार की ओर से घोषणाओं पर अधिक जोर दिया जा रहा है। उन्होंने सरकार से किसानों की मांगों पर जल्द निर्णय लेने और राहत उपायों को जमीन पर लागू करने की मांग की।
अंबादास दानवे ने कहा कि मराठवाड़ा में मौजूदा सूखे की स्थिति का असर केवल किसानों की आजीविका तक सीमित नहीं रह सकता, बल्कि इसका प्रभाव आने वाले वर्षों में भी दिखाई दे सकता है। उन्होंने सरकार से तत्काल राहत के साथ भविष्य के लिए स्थायी उपायों पर ध्यान देने की मांग की।
दानवे के अनुसार, लगातार मौसम की मार और कृषि संकट के कारण किसानों पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है। ऐसे में जलस्रोतों के संरक्षण, सिंचाई व्यवस्था मजबूत करने और किसानों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने जैसे कदमों पर दीर्घकालीन योजना के तहत काम करने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि सरकार को वर्तमान संकट के साथ-साथ आने वाली पीढ़ियों की जरूरतों को ध्यान में रखकर नीतियां तैयार करनी चाहिए।