Mukhyamantri Majhi Ladki Bahin Yojana: राज्य की लाखों जरूरतमंद महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण मुख्यमंत्री मेरी लाडकी बहीण योजना का लाभ लेने में तकनीकी परेशानियों के चलते अनेक पात्र महिलाएं वंचित हो रही हैं। तकनीकी त्रुटियों, अधूरी ई-केवाईसी तथा पोर्टल से संबंधित समस्याओं के कारण कई लाभार्थियों की किस्तें रुक गई हैं। वहीं, हाल ही में पात्र हुई युवतियां नए आवेदन नहीं कर पा रही हैं। इस गंभीर समस्या को तत्काल दूर करने की मांग राष्ट्रवादी छात्र कांग्रेस के जिला अध्यक्ष राकेश हटवार ने मुख्यमंत्री एवं महिला व बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे से की है।
हटवार ने कहा कि योजना की राशि कई महिलाओं और उनके परिवारों के लिए आर्थिक सहारा है। ऐसे में तकनीकी कारणों से अचानक किस्त रुकने से जरूरतमंद परिवारों के सामने आर्थिक संकट पैदा हो रहा है। विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में इंटरनेट कनेक्टिविटी की समस्या तथा तकनीकी जानकारी के अभाव के कारण कई महिलाओं की ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है। उन्होंने सरकार से ई-केवाईसी की समय सीमा तत्काल बढ़ाने तथा ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर पात्र महिलाओं की ई-केवाईसी पूरी कराने की मांग की है। इसके लिए गांव स्तर पर सहायता शिविर आयोजित कर महिलाओं को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने की आवश्यकता भी जताई।
राकेश हटवार ने मांग की कि जिन युवतियों ने हाल ही में 21 वर्ष की आयु पूरी की है और योजना की पात्रता पूरी करती हैं, उनके लिए नए आवेदन का पंजीयन तत्काल शुरू किया जाए, ताकि वे योजना के लाभ से वंचित न रहें। उन्होंने बैंक खाते को आधार से लिंक नहीं होने अथवा दस्तावेजों में छोटी-मोटी त्रुटियों के कारण लंबित आवेदनों में सुधार की प्रक्रिया को भी सरल बनाने की मांग की। पात्र लाभार्थियों को अनावश्यक प्रशासनिक प्रक्रिया के कारण परेशान न किया जाए और त्रुटियों को दूर करने के लिए आसान व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए।
हटवार ने कहा कि कुछ जरूरतमंद महिलाओं को परिवार के किसी सदस्य द्वारा आयकर भुगतान किए जाने जैसे तकनीकी आधार पर योजना के लिए अयोग्य घोषित किया गया है। ऐसे मामलों की दोबारा जांच कर वास्तविक रूप से पात्र एवं जरूरतमंद महिलाओं को न्याय देने की मांग उन्होंने की। यह योजना का उद्देश्य समाज के अंतिम पायदान पर खड़ी पात्र महिलाओं को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना है। इसलिए सरकार को तकनीकी समस्याओं का युद्धस्तर पर समाधान करते हुए ई-केवाईसी की समय सीमा बढ़ानी चाहिए और पात्र महिलाओं को योजना का लाभ सुनिश्चित करना चाहिए। उन्होंने राज्य सरकार से इस मामले में बिना देरी के सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की है।