प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया ) 
औरंगाबाद

छाबड़ा अस्पताल विवाद: प्रसव के बाद महिला की मौत, डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप

Osmanpura Protest:छत्रपती संभाजीनगर में निजी अस्पताल में सी-सेक्शन के बाद महिला की मौत पर परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए थाने के सामने धरना दिया।

अंकिता पटेल

Hospital Negligence Sambhajinagar: छत्रपती संभाजीनगर प्रसव के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराई गई महिला की इलाज के दौरान मौत होने के बाद बखेड़ा खड़ा हो गया। आक्रोशित परिजनों ने इसे डॉक्टरों की लापरवाही करार देते हुए शनिवार, 24 जनवरी को दोपहर उस्मानपुरा पुलिस थाने के सामने शव रखकर धरना आंदोलन करने से क्षेत्र में तनाव फैल गया, पुलिस के मेडिकल समिति की रिपोर्ट के आधार पर दोषियों पर कार्रवाई का वादा करने के बाद परिजनों ने आंदोलन वापस ले लिया। मृतका की शिनाख्त अर्शिन हिना खालिद चाउस (25, शाह कॉलोनी, पीर बाजार, उस्मानपुरा) के रूप में हुई है।

उसे 21 जनवरी को प्रसव के लिए उस्मानपुरा स्थित छाबड़ा अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दोपहर में सिजेरियन ऑपरेशन के माध्यम से उन्होंने एक बच्ची को जन्म दिया। आरोप है कि ऑपरेशन के बाद महिला को अत्यधिक रक्तस्राव हुआ, पर इस ओर समय रहते ध्यान नहीं दिया गया। पुलिस के मेडिकल समिति की रिपोर्ट के आधार पर दोषियों पर कार्रवाई का वादा करने के बाद परिजनों ने आंदोलन वापस लिया।

पहले हालत स्थिर बताई गई थी

एमजीएम अस्पताल में अर्शिन के इलाज के दौरान 21 से 23 जनवरी तक डॉक्टरों ने बार-बार उसकी स्थिति स्थिर बताई थी, इस बीच, 23 जनवरी की दोपहर अचानक अर्शिन की मौत की जानकारी दी गई। इससे आक्रोशित परिजनों को गहरा मानसिक आघात पहुंचा, पति और अन्य परिजनों ने आरोप लगाया कि छाबड़ा अस्पताल में सिजेरियन के दौरान हुई चूक और बाद में दोनों अस्पतालों की ओर से सही जानकारी छिपाई गई उनका कहना था कि हालत गंभीर होने के बाद बिना किसी पूर्व सूचना के व परिजनों को विश्वास में लिए बगैर अर्शिया को आनन-फानन में व भरोसे में लिए बगैर एमजीएम अस्पताल में स्थानांतरित किया गया।

नगरसेवक भी पहुंचे थाने में

गुस्साए परिजन शनिवार सुबह 11 बजे मृतका का शव लेकर सीधे उस्मानपुरा पुलिस थाने के सामने लेकर पहुंचे। यही नहीं, उन्होंने चेताया कि जब तक दोषी डॉक्टरों पर कार्रवाई नहीं की जाती, तब तक वे शव कब्जे में नहीं लेंगे। इस दौरान नवनिर्वाचित नगरसेवक नवनीत ओबेराय, एमआईएम के हाजी इसाक खान संग बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।

आला अधिकारियों के जांच के आदेश: पुलिस निरीक्षक संग्राम ताटे ने परिजनों की शिकायत दर्ज कराई। घटना की गंभीरता को देखते हुए उपायुक्त प्रशांत स्वामी व सहायक पुलिस आयुक्त मनीष कल्याणकर पुलिस थाने पहुंचे व प्रकरण की जांच के आदेश दिए।

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