Uday Samant Student Protest: छत्रपति संभाजीनगर में राज्य के उद्योग मंत्री उदय सामंत ने छात्र आंदोलन को लेकर राजनीतिक दलों से संयम बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के आंदोलनों को राजनीतिक रंग देना उचित नहीं है।
यदि छात्र अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं तो उनकी समस्याओं का समाधान संवाद और सकारात्मक चर्चा के माध्यम से निकाला जाना चाहिए। सरकार विद्यार्थियों के मुद्दों को गंभीरता से सुन रही है और किसी भी छात्र के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
गुरुपूर्णिमा के अवसर पर जिले के घृष्णेश्वर मंदिर में दर्शन करने के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए उदय सामंत ने कहा कि छात्र आंदोलन का श्रेय लेने की राजनीति नहीं होनी चाहिए। उनके अनुसार कुछ राजनीतिक दल और नेता छात्रों के आंदोलन में हस्तक्षेप कर उसे अलग दिशा देने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि विद्यार्थियों के हितों से जुड़े मुद्दों का समाधान केवल बातचीत और आपसी विश्वास से ही संभव है।
उन्होंने कहा कि सरकार छात्रों की समस्याओं के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है और उनकी हर मांग पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। किसी भी छात्र की आवाज को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा और आवश्यक होने पर संबंधित विभागों के माध्यम से समाधान निकाला जाएगा।
उदय सामंत ने कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए कहा कि राजनीतिक लाभ के लिए विद्यार्थियों के कंधों का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। उनका कहना था कि छात्र आंदोलन को राजनीतिक मंच बनाने के बजाय सभी दलों को संयम बरतना चाहिए और समाधान की दिशा में सहयोग करना चाहिए।
मराठा आरक्षण के मुद्दे पर मनोज जरांगे पाटिल द्वारा आंदोलन के संकेत दिए जाने के संबंध में पूछे गए सवाल पर मंत्री ने कहा कि यदि आरक्षण को लेकर उनके मन में किसी भी प्रकार की शंका या भ्रम है तो सरकार संवाद के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने विश्वास जताया कि बातचीत के माध्यम से सभी संदेह दूर किए जा सकते हैं।
उद्योग मंत्री उदय सामंत ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार ऐसा कोई निर्णय नहीं लेगी जिससे किसी भी वर्ग के विद्यार्थियों या समाज के किसी भी समुदाय को नुकसान पहुंचे। उन्होंने कहा कि सरकार सभी वर्गों के हितों की रक्षा करते हुए संतुलित और न्यायसंगत निर्णय लेने के लिए प्रतिबद्ध है तथा हर संवेदनशील मुद्दे का समाधान संवाद के जरिए निकालने का प्रयास किया जाएगा।