मतदान केंद्र परिसर चुनाव (सोर्स- सोशल मीडिया) 
औरंगाबाद

औरंगाबाद-जालना चुनाव के लिए सख्ती, धारा 144 लागू; पोस्टर-बैनर, हथियार और भीड़ जुटाने पर रोक

Sambhajinagar Election: औरंगाबाद-जालना स्थानीय प्राधिकारी चुनाव के लिए डीएम विनय गौड़ा ने 25 जून 2026 तक निषेधाज्ञा लागू की है। मतदान केंद्र के 100 मीटर के दायरे में मोबाइल और प्रचार पर पूरी रोक रहेगी

रूपम सिंह

Aurangabad Jalna Election Vinay Gowda Prohibitory Orders: औरंगाबाद- जालना स्थानीय प्राधिकारी चुनाव शांतिपूर्ण, निष्पक्ष, निर्भय व पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए विनय गौड़ा जी.सी. ने जिले में 18 मई से 25 जून 2026 तक, मतदान प्रक्रिया पूरी होने तक निषेधाज्ञा लागू की है। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की चेतावनी दी गई है।

गौड़ा के आदेश के अनुसार, निर्वाचन आयोग ने अधिकृत अधिकारियों-कर्मियों व मतदान के लिए कतार में खड़े मतदाताओं को छोड़कर जिले में पांच या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने पर प्रतिबंध रहेगा। मतदान केंद्र के 100 मीटर के दायरे में विशेष नियम लागू रहेंगे।

चुनाव की गोपनीयता व सुरक्षा बनाए रखने के लिए मतदान केंद्र के 100 मीटर क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति व मतदान प्रतिनिधियों को मोबाइल फोन, कॉर्डलेस फोन, मेगाफोन, माइक्रोफोन या वायरलेस सेट के उपयोग व फोटोग्राफी की अनुमति नहीं होगी। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिस अधिकारियों व कर्मियों को छोड़कर अन्य किसी भी व्यक्ति को हथियार रखने की अनुमति नहीं रहेगी। केवल अधिकृत वाहनों को ही मतदान केंद्र क्षेत्र में प्रवेश दिया जाएगा।

मतदान केंद्र परिसर में चुनाव प्रचार करना, मतदाताओं को धमकाना व किसी विशेष उम्मीदवार के पक्ष में मतदान के लिए दबाव बनाना भी प्रतिबंधित रहेगा। यही नहीं, ज्वलनशील पदार्थ, विस्फोटक सामग्री या ऐसी कोई वस्तु ले जाने पर रोक रहेगी जिससे व्यक्ति या ईवीएम मशीन को नुकसान पहुंच सकता हो।

पोस्टर-बैनर लगाने पर प्रतिबंध

  • आचार संहिता लागू होने के बाद प्रशासन ने यातायात में बाधा उत्पन्न करने वाले या दुर्घटना की आशंका बढ़ाने वाले राजनीतिक प्रचार सामग्री पर जिलाधिकारी ने छत्रपति संभाजीनगर-जालना जिले में 25 मई से 25 जून तक प्रतिबंध लगाया है।
  • आदेश के अनुसार सार्वजनिक इमारतों, सार्वजनिक सड़कों व उनके आसपास किसी भी राजनीतिक दल, उम्मीदवार या उनके कार्यकर्ताओं को चुनाव संबंधी पोस्टर, बैनर, पंपलेट, कटआउट, होर्डिंग, स्वागत द्वार (कमानी) लगाने व नारे लिखने की अनुमति नहीं होगी।
  • प्रशासन का कहना है कि इस प्रकार की प्रचार सामग्री से सार्वजनिक यातायात प्रभावित हो सकता है व दुर्घटनाओं की प्रबल आशंका बनी सकती है। शांति व्यवस्था बनाए रखने व आचार संहिता के उल्लंघन को रोकने के उद्देश्य से यह आदेश जारी किए गए हैं।

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