Akola Weather Update March: अकोला शहर और जिले में गर्मी ने एक बार फिर अपना प्रकोप दिखाना शुरू कर दिया है। सूरज की तपिश इतनी बढ़ गई है कि पिछले चार दिनों में अधिकतम तापमान में 6 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज की गई है। रामनवमी के दिन पारा 41.8 डिसे तक पहुंच गया, जबकि पिछले दो दिनों से तापमान लगातार 41 डिग्री से ऊपर बना हुआ है।
इससे नागरिकों को भीषण गर्मी और बढ़ती उमस का सामना करना पड़ रहा है। शनिवार को शहर में अधिकतम तापमान 41.2 डिसे दर्ज किया गया, जो विदर्भ के सभी जिलों में सबसे अधिक रहा। जबकि न्यूनतम तापमान 22.4 डिसे दर्ज किया गया।
41.8 डिसे तक पहुंचा पारा 22.4 रहा न्यूनतम तापमान
पिछले सप्ताह हुई बेमौसम बारिश और बादलों के कारण तापमान में गिरावट आई थी। उस समय अधिकतम तापमान 35 डिग्री तक नीचे चला गया था। लेकिन अब फिर से गर्मी की तीव्रता बढ़ गई है और मार्च माह में सामान्य से अधिक धूप महसूस की जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार, जिले में तापमान का पारा तेजी से ऊपर जा रहा है और आने वाले दिनों में यह और बढ़ सकता है।
गर्मी की तीव्रता को देखते हुए नागरिकों ने मांग की है कि बच्चों की सुरक्षा के लिए स्कूलों का समय सुबह के सत्र में रखा जाए। तेज धूप और बढ़ते तापमान से बच्चों के स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ सकता है। हर साल अकोला जिला गर्मी के नए रिकॉर्ड दर्ज करता है और इस बार भी संभावना जताई जा रही है कि तापमान और हीटवेव का नया रिकॉर्ड बन सकता है।
दो दिन पहले अकोला जिला देश का सबसे गर्म जिला दर्ज हुआ। लगातार 41 डिग्री से ऊपर तापमान रहने के कारण अकोला ने अन्य जिलों को पीछे छोड़ दिया। नागपुर स्थित प्रादेशिक मौसम केंद्र ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में जिले में हीटवेव (उष्माघात) की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
जिल्हा प्रशासन ने नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। प्रशासन ने कहा है कि लोग धूप में निकलते समय सिर को ढकें, पर्याप्त पानी पिएं और बच्चों व बुजुर्गों को तेज धूप से बचाएं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार गर्मी का असर अधिक गंभीर हो सकता है और नागरिकों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।