Highlights:
इंदौर में संस्था पौरुष ने पतियों की हत्या से जुड़े मामलों के विरोध में प्रदर्शन किया।
मेरठ के चर्चित मुस्कान-साहिल मामले का उल्लेख कर नाराजगी जताई गई।
पुतला दहन को लेकर पुलिस और संस्था के सदस्यों के बीच बहस हुई।
पुलिस की समझाइश के बाद बिना मुखौटे के सूर्पणखा का पुतला जलाया गया।
संस्था ने दावा किया कि पिछले साल भी 11 महिलाओं के पुतले जलाकर विरोध दर्ज कराया गया था।
Indore Paurush Organization Protest : पतियों की हत्या से जुड़े मामलों के विरोध में इंदौर में संस्था पौरुष ने पुतला दहन कर अपना आक्रोश जताया। संस्था के सदस्यों ने मेरठ के चर्चित मुस्कान-साहिल मामले का उल्लेख करते हुए ऐसे मामलों के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान पुतला दहन को लेकर पुलिस और संस्था के सदस्यों के बीच काफी देर तक बहस हुई। पुलिस की समझाइश के बाद बिना मुखौटे के सूर्पणखा का पुतला जलाया गया।
संस्था पौरुष ने मेरठ के मुस्कान और साहिल से जुड़े मामले को लेकर नाराजगी जाहिर की। आरोप है कि मुस्कान ने अपने प्रेमी साहिल के साथ मिलकर अपने पति की हत्या की थी। संस्था के सदस्यों ने इस मामले का हवाला देते हुए पतियों की हत्या से जुड़ी घटनाओं के खिलाफ आवाज उठाई।
प्रदर्शन के दौरान रवीता और अमरजीत से जुड़े मामले का भी उल्लेख किया गया। इन दोनों पर भी पति की हत्या के लिए सांप का इस्तेमाल करने के आरोप लगे थे। संस्था ने इन मामलों को आधार बनाकर पतियों की हत्या की घटनाओं के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।
इंदौर में प्रदर्शन के दौरान सूर्पणखा का पुतला जलाने को लेकर पुलिस और संस्था के सदस्यों के बीच काफी देर तक बहस हुई। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने संस्था के सदस्यों को समझाइश दी। इसके बाद बिना मुखौटे के सूर्पणखा का पुतला दहन किया गया। कार्यक्रम में संस्था के आयोजनकर्ता अशोक दशोरे मौजूद रहे, जबकि निरीक्षक अनिल तोमर भी मौके पर उपस्थित थे।
संस्था पौरुष का कहना है कि उसने पिछले साल भी इसी तरह के मामलों के विरोध में प्रदर्शन किया था। उस दौरान सोनम रघुवंशी और मुस्कान समेत 11 महिलाओं के पुतले जलाए गए थे। संस्था ने एक बार फिर पतियों की हत्या से जुड़े मामलों को लेकर विरोध दर्ज कराया। इस प्रदर्शन में पुतला दहन और पुलिस के साथ हुई बहस प्रमुख घटनाक्रम रहे।