Highlights :
ग्वालियर के कम्पू थाना क्षेत्र की ललितपुर कॉलोनी में एक्स बॉयफ्रेंड पर धारदार हथियार से हमला।
घायल धर्मेंद्र प्रजापति के सिर, गर्दन, चेहरे और कलाई पर आईं गंभीर चोटें।
आरोपी महिला को पुलिस ने किया गिरफ्तार।
महिला ने दावा किया कि मकान खाली कराने और आपसी विवाद के दौरान झगड़ा हुआ।
Gwalior Woman Arrested : ग्वालियर में ‘एक कचौड़ी, दो समोसा’ वाला चर्चित नारा एक सनसनीखेज घटना के संदर्भ में सामने आया है। कम्पू थाना क्षेत्र की ललितपुर कॉलोनी में एक महिला ने अपने पूर्व परिचित धर्मेंद्र प्रजापति पर धारदार हथियार से हमला कर दिया।
घटना में धर्मेंद्र गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है। घायल को इलाज के लिए जयारोग्य अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया। जहां उसकी हालत खतरे से बाहर बताई गई है।
घायल धर्मेंद्र प्रजापति के मुताबिक वो और महिला पहले रिलेशनशिप में थे। लेकिन पिछले दो-तीन साल से अलग रह रहे थे। धर्मेंद्र का आरोप है कि महिला उसके संपर्क में थी और पति को पुराने फोटो, वीडियो व अन्य सामग्री भेजने को लेकर उनके बीच विवाद हुआ। धर्मेंद्र ने दावा किया कि घटना के दौरान महिला ने कैंची से उस पर कई वार किए। हमले में उसके सिर, गर्दन, चेहरे और कलाई पर गहरे घाव आए हैं।
ग्वालियर शहर में हुई इस घटना में दूसरी ओर आरोपी महिला का कहना है कि धर्मेंद्र उसका रिश्तेदार है और पहले दोनों की शादी की बात चली थी लेकिन शादी नहीं हुई। महिला के मुताबिक उसकी दूसरी शादी सोनू यादव से हुई है और धर्मेंद्र द्वारा पति को फोटो, वीडियो और ऑडियो भेजने को लेकर विवाद था।
उसने दावा किया कि वो धर्मेंद्र से जुड़े मकान को खाली कराने आई थी। बातचीत के दौरान झगड़ा हुआ और उसने धारदार हथियार से हमला कर दिया। महिला ने धर्मेंद्र पर भी मारपीट करने का आरोप लगाया है।
कम्पू थाना पुलिस के विवेचना अधिकारी गुलाब सिंह के अनुसार, महिला और धर्मेंद्र पहले से परिचित थे। घटना के दिन दोनों के बीच विवाद हुआ, जिसके बाद महिला ने धर्मेंद्र पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। पुलिस ने घायल को अस्पताल पहुंचाया और आरोपी महिला को गिरफ्तार कर पूछताछ शुरू कर दी है।
घटना के बाद दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर आरोप लगाए हैं। धर्मेंद्र ने हमले को जानलेवा बताया, जबकि महिला ने विवाद के दौरान मारपीट होने की बात कही है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। फिलहाल मामले में दोनों पक्षों के दावों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।