Gwalior Advocate Firing Case: ग्वालियर में एक वकील पर जानलेवा हमले का मामला सामने आया है। गोले का मंदिर थाना क्षेत्र स्थित गोवर्धन कॉलोनी में घर के बाहर खड़े एडवोकेट मनोज भदोरिया पर मोटरसाइकिल सवार तीन बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। अचानक हुई गोलीबारी से इलाके में दहशत फैल गई और आसपास मौजूद लोग सहम गए।
हालांकि हमले के दौरान वकील ने सूझबूझ और हिम्मत का परिचय देते हुए अपनी जान बचा ली। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और मामले की जांच शुरू कर दी।
बताया जा रहा है कि एडवोकेट मनोज भदोरिया अपने घर के बाहर खड़े थे, तभी मोटरसाइकिल पर सवार तीन युवक वहां पहुंचे। आरोपियों के हाथ में देसी तमंचा था और उन्होंने आते ही फायरिंग शुरू कर दी। वकील ने किसी तरह वहां से हटकर अपनी जान बचाई। इसके बाद उन्होंने स्थानीय लोगों की मदद से हमलावरों का पीछा किया। इस दौरान एक आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया गया। पकड़े गए आरोपी की पहचान मोहित राजावत के रूप में हुई है। उसके कब्जे से हथियार भी बरामद किया गया, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है।
पुलिस जांच में पता चला है कि फायरिंग की घटना में मोहित राजावत के अलावा अभय और किशन नाम के दो अन्य युवक भी शामिल थे। पूछताछ के दौरान यह जानकारी भी सामने आई कि विनय तोमर और संजय तोमर के कहने पर तीनों आरोपियों ने वकील पर हमला किया था। पुलिस के अनुसार हमले का उद्देश्य एडवोकेट मनोज भदोरिया को जान से मारना था। मामले में कुल पांच आरोपियों के खिलाफ बीएनएस धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह हमला पुरानी रंजिश के चलते किया गया। पुलिस के मुताबिक, गोले का मंदिर थाने में दर्ज एक मामले में मयंक तोमर की जमानत का एडवोकेट मनोज भदोरिया ने न्यायालय में विरोध किया था। इसी बात को लेकर आरोपियों ने रंजिश पाल रखी थी। फिलहाल पुलिस पकड़े गए आरोपी से ग्वालियर पुलिस पूछताछ कर रही है और उसके फरार साथियों की तलाश में दबिश दे रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही बाकी आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।