Damodar Yadav Karni Sena Controversy: आजाद समाज पार्टी के नेता दामोदर सिंह यादव अक्सर अपने विवादित बयानों के लिए जाने जाते है। दतिया विधानसभा सीट से आजाद समाज पार्टी (ASP) के उम्मीदवार दामोदर सिंह यादव एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं।
अपने बयानों की वजह से अक्सर सुर्खियों में रहने वाले यादव ने अब सोशल मीडिया पर करणी सेना के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की है। इस बार उन्होंने अपने विवादित बयानों से करणी सेना को निशाने पर लिया है। आजाद समाज पार्टी के नेता दामोदर सिंह यादव ने करणी सेना पर विवादित टिप्पणी की और उन्हें 'कपूतों की सेना' कहा है।
इस बयान के बाद करणी सेना में आक्रोश फैल गया। इस बयान के बाद करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने दतिया कोतवाली में ज्ञापन दिया और FIR दर्ज करने की मांग की। करणी सेना ने चेतावनी दी कि यदि इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन होगा।
अपने बयान में दामोदर सिंह यादव ने कहा, "करणी सेना सपूतों की नहीं, कपूतों और चार गुंडों की सेना है। उनकी औकात नहीं है कि वे हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष के खिलाफ बोलने की हिम्मत करें।" उन्होंने करणी सेना के कार्यकर्ताओं को 25,000 फुट गहरे गड्ढे में दफन करने की धमकी भी दे डाली। यहीं नहीं, उन्होंने आगे कहा, "जो लोग अकबर को अपना पिता मानते हैं, उन्हें ऐसी बातें नहीं करनी चाहिए। यह उनके लिए अच्छा नहीं होगा।"
दामोदर सिंह यादव के इस बयान के बाद करणी सेना में गुस्सा फूट पड़ा और करणी सेना और सर्व समाज के लोगों में भारी आक्रोश फैल गया। बुधवार को करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने दतिया कोतवाली पहुंचकर नगर निरीक्षक दिनेश राजपूत को ज्ञापन सौंपा।
इसमें उन्होंने दामोदर यादव पर प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई करने की मांग की है। करणी सेना ने चेतावनी दी है कि यदि पुलिस दामोदर यादव के खिलाफ कार्रवाई नहीं करेंगी तो वे धरने पर बैठकर प्रदर्शन करेंगे और हाईवे पर चक्काजाम कर देंगे।
यह पहली बार नहीं है कि उन्होंने कोई विवादित बयान दिया है। इससे पहले भी आजाद समाज पार्टी के नेता दामोदर यादव अपने विवादित बयानों के लिए चर्चा का विषय बन चुके हैं। इससे पहले उन्होंने भगवान परशुराम पर विवादित टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा था कि वे किसी परशुराम को नहीं जानते। फिलहाल, दतिया पुलिस ने ज्ञापन लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।