Monsoon Rain Alert India: देशभर में मानसून अब अपने सबसे सक्रिय दौर में पहुंच चुका है। पहाड़ी राज्यों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश से भूस्खलन की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं, जबकि मैदानी इलाकों में नदियों का जलस्तर बढ़ने और जलभराव के कारण बाढ़ का खतरा बढ़ने लगा है। भारतीय मौसम विभाग ने हालात को देखते हुए 16 से अधिक राज्यों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश, आंधी और आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है।
दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में लंबे समय बाद मानसून ने जोरदार वापसी की है। सोमवार देर रात शुरू हुई बारिश कई घंटों तक जारी रही, जिससे मौसम सुहावना हो गया और उमस से राहत मिली। मौसम विभाग ने दिल्ली के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए मंगलवार को तेज बारिश के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना जताई है। अधिकतम तापमान 29 से 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान लगाया है।
उत्तराखंड के बागेश्वर में लगातार बारिश के चलते पहाड़ दरकने लगे हैं। कई जगहों पर भारी मात्रा में मलबा सड़कों पर आ गया है, जिससे यातायात प्रभावित हुई और लोगों की आवाजाही पर भी खतरा मंडराने लगा है। वहीं दूसरी तरफ केदारनाथ यात्रा को सुरक्षित बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। इसके अलावा पैदल मार्ग पर एसडीआरएफ, एनडीआरएफ और अन्य आपदा प्रबंधन टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं तथा संवेदनशील इलाकों में विशेष चौकसी बरती जा रही है।
आपको बताते चले कि हिमाचल प्रदेश के चंबा में भारी बारिश के बीच एक विशाल पहाड़ी कुछ ही सेकंड में सड़क पर आ गिरी है। मौसम विभाग ने चंबा, कांगड़ा, मंडी और सिरमौर समेत कई जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। कुल्लू, बिलासपुर, शिमला और सोलन में भी भूस्खलन और अचानक बाढ़ की आशंका जताई है।
पूर्वोत्तर राज्य नागालैंड में भी मानसून का कहर देखने को मिल रहा है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण हुए भीषण भूस्खलन में बच्चों समेत कम से कम आठ लोगों की मौत हो गई। कई मकान मलबे में दब गए हैं और राहत-बचाव अभियान युद्धस्तर पर जारी है।
असम और मेघालय समेत पूर्वोत्तर के कई राज्यों में लगातार बारिश के कारण बाढ़ जैसी स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग ने यहां भी भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं दक्षिण भारत के तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में मानसून की गतिविधियां उत्तर भारत की तुलना में मुकाबले कमजोर रहने की संभावना है।
उत्तर प्रदेश में मानसून पूरी तरह सक्रिय है। कई जिलों में गरज-चमक के साथ भारी बारिश और 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने की चेतावनी जारी की गई है। बिहार में भी लगातार बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। पंजाब के अमृतसर, लुधियाना और पठानकोट सहित कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश का अनुमान लगाया जा रहा है। इतना ही नही बल्कि हरियाणा, राजस्थान और गुजरात के कई हिस्सों में भी भारी वर्षा के चलते निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है।