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राजेश खन्ना और किशोर कुमार की जोड़ी ने हिंदी सिनेमा को कई सदाबहार गाने दिए।
फिल्म 'आराधना' के गानों ने राजेश खन्ना की रोमांटिक छवि को नई पहचान दिलाई।
किशोर कुमार ने राजेश खन्ना की 92 फिल्मों के लिए 245 गाने गाए।
Rajesh Khanna Kishore Kumar Songs: हिंदी सिनेमा में कुछ जोड़ियां ऐसी रही हैं, जिन्होंने अपनी कला से दर्शकों के दिलों पर गहरी छाप छोड़ी। अभिनेता राजेश खन्ना और गायक किशोर कुमार की जोड़ी भी इन्हीं में से एक थी। पर्दे पर राजेश खन्ना का रोमांटिक अंदाज और पर्दे के पीछे से आती किशोर कुमार की आवाज ने कई गानों को सदाबहार बना दिया। दोनों की जुगलबंदी ने हिंदी फिल्म संगीत को कई यादगार नगमे दिए, जिन्हें आज भी पसंद किया जाता है।
साल 1969 में रिलीज हुई फिल्म 'आराधना' राजेश खन्ना के करियर का बड़ा मोड़ साबित हुई। फिल्म के गाने 'मेरे सपनों की रानी कब आएगी तू' और 'रूप तेरा मस्ताना' ने उन्हें जबरदस्त लोकप्रियता दिलाई। इन गानों में किशोर कुमार की आवाज और राजेश खन्ना के अंदाज का ऐसा मेल देखने को मिला कि उनकी रोमांटिक छवि दर्शकों के बीच मजबूत हो गई। 'रूप तेरा मस्ताना' के लिए किशोर कुमार को फिल्मफेयर का सर्वश्रेष्ठ पार्श्व गायक पुरस्कार भी मिला।
'आराधना' के बाद इस जोड़ी ने कई फिल्मों में अपनी छाप छोड़ी। साल 1971 की फिल्म 'कटी पतंग' के 'ये शाम मस्तानी' और 'ये जो मोहब्बत है' जैसे गाने आज भी संगीत प्रेमियों की पसंद बने हुए हैं। वहीं, फिल्म 'अमर प्रेम' के 'चिंगारी कोई भड़के' और 'कुछ तो लोग कहेंगे' ने भावनाओं को खूबसूरती से पेश किया। इन गीतों में किशोर कुमार की आवाज ने राजेश खन्ना के अभिनय को और प्रभावशाली बनाया।
इस जोड़ी के लोकप्रिय गीतों की सूची काफी लंबी है। 'मेरे जीवन साथी' का 'ओ मेरे दिल के चैन', 'सफर' का 'जीवन से भरी तेरी आंखें' और 'आनंद' का 'जिंदगी कैसी है पहेली' आज भी लोगों को पसंद आते हैं। इसके अलावा 'हाथी मेरे साथी' का 'नफरत की दुनिया को छोड़ के' और 'आप की कसम' का 'जिंदगी के सफर में गुजर जाते हैं जो मकाम' भी यादगार गीतों में शामिल हैं।
किशोर कुमार की खासियत थी कि वह अभिनेता के हाव-भाव और पर्दे पर उनकी शख्सियत के अनुरूप गायकी करते थे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्होंने राजेश खन्ना की 92 फिल्मों के लिए 245 गाने गाए। अपने करियर में किशोर कुमार ने आठ फिल्मफेयर पुरस्कार जीते और हिंदी के अलावा कई क्षेत्रीय भाषाओं में भी गीत गाए। उनकी आवाज और राजेश खन्ना का अभिनय मिलकर ऐसी विरासत बना गए, जिसका जादू आज भी बरकरार है।